गाजीपुर – दुल्लहपुर थाना क्षेत्र के धामूपुर में रविवार को 75 से अधिक युवाओं ने ‘सीजेपी’ के बैनर तले चार घंटे तक धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों और वैज्ञानिक सोनम वांगचुक के समर्थन में आवाज उठाई। इस दौरान युवाओं ने ‘इंकलाब जिंदाबाद’ के नारे लगाए और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफे की मांग की।
धरने को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने सरकार की नीतियों की आलोचना की। विकास राव ने कहा कि छात्र-छात्राएं कठिन मेहनत से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं, लेकिन बार-बार पेपर लीक होने से उनका भविष्य और मनोबल प्रभावित होता है। उन्होंने कहा कि केवल पेपर लीक माफिया ही नहीं, बल्कि इसमें शामिल जिम्मेदार अधिकारियों पर भी सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
समाजसेवी हेमंत यादव ने आरोप लगाया कि जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण अनशन कर रहे सोनम वांगचुक की आवाज को दबाने का प्रयास लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है। उन्होंने सरकार से महंगाई, बेरोजगारी और शिक्षा जैसे अहम मुद्दों पर प्राथमिकता से ध्यान देने की मांग की।
प्रियांशु विश्वकर्मा ने कहा कि सरकार की नीतियां छात्र और किसान हितों के खिलाफ हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव में इसका जवाब देगी।
प्रदर्शनकारियों ने प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए कड़े कानून, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया लागू करने तथा शांतिपूर्ण आंदोलनों का सम्मान करने की मांग की। धरने में अनिल, अनिकेत चौहान, सूरज, बबलू, प्रेम, गुड्डू, संगीता सरोज, पूनम सहित बड़ी संख्या में छात्र और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।














