गाजीपुर – अपर सत्र न्यायाधीश शक्ति सिंह की अदालत ने हत्या के एक मामले में कमलेसी देवी को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास और 25 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने निर्देश दिया कि अर्थदंड की राशि मृतक के पिता को प्रदान की जाएगी। वहीं, साक्ष्यों के अभाव में सह-आरोपी अशोक कुमार और संतोष Kumar को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, मामला बरेसर थाना क्षेत्र के मुहम्मदपुर मनोरथ गांव का है। गांव निवासी विष्णुदेव सिंह ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके पुत्र मनीष कुमार सिंह का हुसैनाबाद निवासी कमलेसी देवी के घर आना-जाना था। आरोप है कि 9 सितंबर 2023 को कमलेसी देवी ने फोन कर मनीष को अपने घर बुलाया था। उसी रात मनीष की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई।
घटना के बाद दर्ज मुकदमे की विवेचना के दौरान पुलिस ने कमलेसी देवी के साथ अशोक कुमार और संतोष कुमार को भी आरोपी बनाया और तीनों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई और साक्ष्यों के परीक्षण के बाद अदालत ने कमलेसी देवी को हत्या का दोषी मानते हुए सजा सुनाई, जबकि अन्य दोनों आरोपियों को पर्याप्त साक्ष्य न मिलने पर बरी कर दिया।














