गाज़ीपुर । बिरनो थाना क्षेत्र के पलिया गांव से अंतिम संस्कार में शामिल होने गाजीपुर पहुंचे एक 14 वर्षीय किशोर की गंगा में स्नान के दौरान डूबने से लापता होने की घटना से परिवार और गांव में शोक की लहर दौड़ गई। शनिवार दोपहर करीब 2:30 बजे हुए इस हादसे के पांच घंटे बाद तक भी राहत एवं बचाव दल के मौके पर नहीं पहुंचने से स्थानीय लोगों में प्रशासन के प्रति नाराजगी देखी गई।जानकारी के अनुसार, पलिया गांव निवासी जानकी देवी (55), पत्नी स्वर्गीय चंद्रिका राम का शनिवार को निधन हो गया था। उनका अंतिम संस्कार गाजीपुर के श्मशान घाट पर किया जा रहा था। अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिवार के चार किशोर और युवक गंगा में स्नान करने उतरे। इसी दौरान चारों गहरे पानी की चपेट में आ गए। घाट पर मौजूद स्थानीय लोगों ने तत्काल साहस दिखाते हुए तीन युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन अमन राम (14), पुत्र राजेश राम, गहरे पानी में समा गया। अमन आजाद इंटर कॉलेज, फ़त्तेपुर का 9 का छात्र था। वह तीन बहनों और दो भाइयों में सबसे बड़ा था। उसके पिता राजेश राम मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। बेटे के लापता होने के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।हादसे के बाद बचाए गए पीयूष के तीन दोस्त शालू, प्रियांशु और रिशु गहरे सदमे में दिखाई दिए। सुरक्षित बाहर आने के बावजूद वे गंगा की लहरों के बीच उस स्थान को टकटकी लगाए देखते रहे, जहां उनका साथी देखते ही देखते पानी में समा गया था। उनके चेहरों पर अपने दोस्त को बचा न पाने की बेबसी और दर्द साफ झलक रहा था।कोतवाली प्रभारी प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही एनडीआरएफ टीम को सूचित कर दिया गया है। टीम के पहुंचने के बाद तलाश अभियान तेज किया जाएगा। वहीं, स्थानीय लोगों का आरोप है कि घटना के कई घंटे बाद भी कोई राहत टीम मौके पर नहीं पहुंची, जिससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।














