“नोएडा विधानसभा क्षेत्र में बिजली कटौती ने बढ़ाया पेयजल संकट, बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान हुए लोग; नौएडा सिटीजन फोरम ने प्रभावित इलाकों में भेजे कई पानी के टैंकर”
नोएडा: नोएडा विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चोटपुर और छिजारसी इलाकों में बिजली कटौती ने लोगों के सामने गंभीर पेयजल संकट खड़ा कर दिया है। बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण पानी की व्यवस्था प्रभावित हुई और बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों को पानी के लिए भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति यह रही कि कई परिवारों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भी पर्याप्त पानी नहीं मिल सका। गर्मी और उमस के बीच पानी की किल्लत ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दीं।
इलाके में पानी की समस्या की सूचना मिलते ही सामाजिक संस्था नौएडा सिटीजन फोरम की कार्यकारी अध्यक्ष शालिनी सिंह ने तत्काल पहल करते हुए प्रभावित क्षेत्रों में निःशुल्क पानी उपलब्ध कराने की व्यवस्था शुरू कराई। इसके तहत कई पानी के टैंकरों को चोटपुर, छिजारसी और आसपास के प्रभावित इलाकों में भेजा गया, ताकि संकट की घड़ी में लोगों को कम से कम पीने और जरूरी घरेलू इस्तेमाल के लिए पानी उपलब्ध कराया जा सके।
बिजली कटौती का सीधा असर जलापूर्ति पर
स्थानीय स्तर पर बिजली आपूर्ति बाधित होने का असर पानी की व्यवस्था पर भी पड़ा है। बिजली नहीं होने से पानी की आपूर्ति से जुड़ी व्यवस्थाएं प्रभावित हुईं और लोगों को पानी के लिए इधर-उधर भटकना पड़ा। खासकर ऐसे परिवार जिनके पास पानी का पर्याप्त भंडारण नहीं है, उनके सामने समस्या और गंभीर हो गई।
चोटपुर और छिजारसी जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में बड़ी संख्या में लोग रोजमर्रा की जरूरतों के लिए स्थानीय जलापूर्ति व्यवस्था पर निर्भर रहते हैं। ऐसे में बिजली कटौती के कारण पानी की उपलब्धता प्रभावित होने से लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ गई।
लोगों का कहना है कि बिजली और पानी दोनों मूलभूत जरूरतें हैं। यदि बिजली आपूर्ति बाधित होती है तो वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से पानी उपलब्ध कराया जाना चाहिए, ताकि आम लोगों को परेशानी न उठानी पड़े।
सूचना मिलते ही सक्रिय हुआ नौएडा सिटीजन फोरम
पानी की किल्लत की खबर सामने आने के बाद नौएडा सिटीजन फोरम ने मामले को गंभीरता से लिया। संस्था की कार्यकारी अध्यक्ष शालिनी सिंह ने प्रभावित लोगों की समस्या को देखते हुए तत्काल राहत पहुंचाने का निर्णय लिया। उन्होंने जनसामान्य को निःशुल्क पानी उपलब्ध कराने के लिए कई पानी के टैंकर प्रभावित क्षेत्रों में भिजवाने का कार्य शुरू कराया।
टैंकर पहुंचने के बाद पानी की कमी से जूझ रहे लोगों को तत्काल राहत मिलने लगी। इस पहल से उन परिवारों को विशेष राहत मिली, जो लंबे समय से पानी की उपलब्धता को लेकर परेशान थे।
‘संकट में लोगों के साथ खड़ा होना ही सामाजिक जिम्मेदारी’
नौएडा सिटीजन फोरम की इस पहल को स्थानीय लोगों ने सराहनीय बताया। लोगों का कहना है कि जब किसी क्षेत्र में अचानक मूलभूत सुविधाओं का संकट खड़ा हो जाए, तब सामाजिक संस्थाओं और जिम्मेदार नागरिकों की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है।
शालिनी सिंह की ओर से टैंकरों के माध्यम से निःशुल्क पानी उपलब्ध कराने की पहल को इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे न केवल प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत मिली, बल्कि यह संदेश भी गया कि संकट के समय समाज के लोग एक-दूसरे के साथ खड़े हो सकते हैं।
घरों में पानी की जरूरत से लेकर पीने के पानी तक परेशानी
पानी की कमी का असर केवल पीने के पानी तक सीमित नहीं रहा। लोगों को खाना बनाने, बच्चों के लिए पानी की व्यवस्था करने, साफ-सफाई और अन्य जरूरी घरेलू कामों में भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जिन परिवारों में छोटे बच्चे, बुजुर्ग या बीमार लोग हैं, उनके लिए पानी की समस्या और भी गंभीर हो गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी की कमी के कारण कई परिवारों को बाहर से पानी की व्यवस्था करनी पड़ी। ऐसे में निःशुल्क पानी के टैंकर पहुंचने से लोगों को तत्काल राहत मिली।
बिजली और पानी के संकट का स्थायी समाधान जरूरी
हालांकि टैंकरों के माध्यम से पानी उपलब्ध कराना तत्काल राहत का प्रभावी उपाय है, लेकिन स्थानीय लोगों की मांग है कि बिजली कटौती और जलापूर्ति से जुड़ी समस्या का स्थायी समाधान किया जाना चाहिए।
लोग चाहते हैं कि बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में जलापूर्ति व्यवस्था प्रभावित न हो और इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था तैयार रखी जाए। साथ ही, यदि किसी कारण से पानी की आपूर्ति रुकती है तो संबंधित विभाग द्वारा समय रहते प्रभावित क्षेत्रों में टैंकर भेजे जाएं, ताकि लोगों को बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान न होना पड़े।
राहत कार्य आगे भी जारी रखने की पहल
नौएडा सिटीजन फोरम की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में पानी पहुंचाने की पहल शुरू होने के बाद लोगों में राहत की उम्मीद जगी है। संस्था का प्रयास है कि जरूरतमंद लोगों तक संकट के दौरान पानी पहुंचाया जा सके।
चोटपुर और छिजारसी में पैदा हुआ यह संकट एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि तेजी से विकसित हो रहे नोएडा क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की आपूर्ति व्यवस्था को कितना मजबूत बनाया गया है। बिजली कटौती जैसी स्थिति का असर यदि सीधे पेयजल उपलब्धता पर पड़ता है, तो भविष्य के लिए ऐसी परिस्थितियों से निपटने की ठोस कार्ययोजना जरूरी है।
फिलहाल, पानी की कमी से परेशान लोगों के लिए नौएडा सिटीजन फोरम द्वारा निःशुल्क पानी के टैंकर भेजना तत्काल राहत की दिशा में अहम कदम साबित हुआ है। संकट की घड़ी में शालिनी सिंह की पहल ने प्रभावित लोगों को यह भरोसा दिया है कि उनकी समस्या को उठाने और राहत पहुंचाने के लिए सामाजिक स्तर पर भी प्रयास किए जा रहे हैं।
चोटपुर-छिजारसी में जल संकट के बीच राहत की पहल
- बिजली कटौती के कारण जलापूर्ति प्रभावित
- बड़ी संख्या में लोग पानी के लिए परेशान
- नौएडा सिटीजन फोरम ने संभाली राहत की जिम्मेदारी
- कार्यकारी अध्यक्ष शालिनी सिंह ने भेजे कई पानी के टैंकर
- प्रभावित लोगों को निःशुल्क पानी उपलब्ध कराने की व्यवस्था शुरू
- स्थानीय लोगों ने पहल को बताया सराहनीय कदम
- स्थायी समाधान के लिए बिजली और जलापूर्ति व्यवस्था मजबूत करने की मांग














