कासिमाबाद। संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्रथम संदर्भन इकाई (एफआरयू) स्तर पर सिजेरियन डिलीवरी की सुविधा शुरू की है। प्रभारी सीएमओ डॉ. रामकुमार की पहल पर कासिमाबाद सीएचसी पर भी ऑपरेशन के जरिये प्रसव की सुविधा शुरू हो गई है। पिछले दो दिनों में यहां दो सिजेरियन डिलीवरी कराई जा चुकी हैं।
मुसल्लहपुर निवासी नीलम देवी का सिजेरियन ऑपरेशन कर बेटी का जन्म कराया गया। वहीं सलामतपुर निवासी शालिनी कुशवाहा की भी सिजेरियन डिलीवरी कराई गई। सीएमओ के निरीक्षण के दौरान दोनों प्रसूताओं और नवजातों को स्वस्थ पाया गया।
प्रभारी सीएमओ डॉ. रामकुमार ने बताया कि सर्जन के तबादले के कारण कासिमाबाद सीएचसी पर कई महीनों से केवल सामान्य प्रसव ही कराए जा रहे थे। आपात स्थिति में सिजेरियन की आवश्यकता पड़ने पर गर्भवती महिलाओं को निजी अस्पतालों या गाजीपुर मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला अस्पताल अथवा दूसरे जनपदों में जाना पड़ता था। इससे मरीजों और उनके परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ता था।
उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल के अलावा सीएचसी सैदपुर, मुहम्मदाबाद, जखनिया, भदौरा, कासिमाबाद और बरुइन में सिजेरियन डिलीवरी की सुविधा उपलब्ध है। एफआरयू पर डॉक्टरों की अलग-अलग दिनों में अलग-अलग स्थानों पर सेवाएं देने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि सीएचसी व एफआरयू स्तर पर सिजेरियन सुविधा शुरू होने से गंभीर मामलों में मरीजों को समय पर उपचार मिलेगा और 108 एंबुलेंस सेवा पर भी दबाव कम होगा।














