गाजीपुर। तहसील सदर क्षेत्र के मौजा नसीरुद्दीनपुर, परगना पचोतर में पशुचर भूमि पर किए गए अवैध अतिक्रमण के खिलाफ रविवार को प्रशासन ने कार्रवाई की। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के निर्देश पर अपर जिलाधिकारी (भू-रा.) सुनील कुमार त्रिवेदी के नेतृत्व में राजस्व एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध कब्जा और पक्का निर्माण हटवाते हुए भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराया।
जानकारी के अनुसार आराजी संख्या-565, रकबा 0.2690 हेक्टेयर राजस्व अभिलेखों में पशुचर भूमि के खाते में दर्ज है। इसके अंश भाग में 0.0030 हेक्टेयर और 0.0100 हेक्टेयर भूमि पर अवैध कब्जा कर पक्का निर्माण किया गया था। मामले में न्यायालय तहसीलदार सदर में उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता, 2006 की धारा-67 के तहत वाद चलाया गया था।
न्यायालय ने क्रमशः 3 अप्रैल 2025 और 14 अक्टूबर 2025 को बेदखली एवं क्षतिपूर्ति के आदेश पारित किए थे। आदेश के विरुद्ध दाखिल अपील भी सक्षम न्यायालय ने 17 जनवरी 2026 को निरस्त कर दी थी। इसके बाद अतिक्रमणकर्ता को स्वयं कब्जा हटाने के लिए नोटिस और द्वितीय नोटिस जारी किया गया, लेकिन निर्धारित समय के बावजूद अतिक्रमण नहीं हटाया गया।
रविवार को प्रशासनिक टीम ने पुलिस बल की मौजूदगी में अवैध निर्माण हटाकर भूमि को मुक्त कराया। कार्रवाई के दौरान उपजिलाधिकारी सदर, क्षेत्राधिकारी, तहसीलदार सदर और प्रभारी निरीक्षक मौजूद रहे। मुख्य राजस्व अधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ग्रामीण द्वारा कार्रवाई की निगरानी की गई।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि पशुचर, तालाब, रास्ता और खलिहान जैसी सार्वजनिक भूमि पर अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अतिक्रमण हटाने के साथ नियमानुसार क्षतिपूर्ति और कार्रवाई में हुए खर्च की वसूली भी की जाएगी।














