मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच दुबई में फंसे महाराष्ट्र के 164 नागरिकों को सुरक्षित वापस लाने के लिए राज्य सरकार ने त्वरित कदम उठाए हैं। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने जानकारी दी कि सभी नागरिकों की सुरक्षित वापसी के लिए दो विशेष उड़ानों की व्यवस्था की गई है। उम्मीद जताई जा रही है कि सभी यात्री आज शाम तक मुंबई पहुंच जाएंगे।
फ्लाइट कैंसिल होने से बढ़ी थी परेशानी
इजराइल और अमेरिका द्वारा ईरान पर संयुक्त हमलों के बाद मिडिल ईस्ट में हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। ईरान की जवाबी कार्रवाई के चलते क्षेत्र में हवाई यातायात प्रभावित हुआ है, जिससे कई उड़ानें अचानक रद्द हो गईं। इसी कारण महाराष्ट्र के 164 पर्यटक और अन्य नागरिक दुबई में फंस गए थे।
शिंदे ने बताया कि वह लगातार संबंधित अधिकारियों के संपर्क में थे और उन्होंने स्वयं भी फंसे हुए यात्रियों से फोन पर बात कर उन्हें आश्वस्त किया। दुबई में महाराष्ट्र मंडल के पदाधिकारी संजीव पैठणकर और युवा सेना के राहुल कनाल स्थानीय स्तर पर पर्यटकों और छात्रों के संपर्क में थे और समन्वय कर रहे थे।
होली पर की वापसी की घोषणा
उपमुख्यमंत्री ने यह घोषणा धुलीवंदन और रंगपंचमी के अवसर पर की। इस मौके पर उन्होंने राज्यवासियों को होली की शुभकामनाएं देते हुए देवी जगदंबा से सभी के स्वास्थ्य, सुख और समृद्धि की प्रार्थना की।
उन्होंने कहा कि किसान, मजदूर, भाई-बहन और वरिष्ठ नागरिक—समाज के हर वर्ग का जीवन खुशहाल हो, यही उनकी कामना है।
बालासाहेब ठाकरे और आनंद दिघे को श्रद्धांजलि
त्योहार के अवसर पर शिंदे ने बालासाहेब ठाकरे और आनंद दिघे को श्रद्धांजलि अर्पित की। आनंद आश्रम के दौरे के दौरान उन्होंने ठाणे को “त्योहारों की पंढरी” बताया और कहा कि आनंद दिघे ने महाराष्ट्र में गणेशोत्सव, नवरात्रि, गोविंदा, होली और धुलीवंदन जैसे त्योहारों की परंपराओं को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई थी।
सादगी से मनाई जाएगी होली
शिंदे ने कहा कि इस वर्ष होली और धुलीवंदन सादगी से मनाने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन और कुछ करीबी कार्यकर्ताओं के परिवारों में हालिया दुखद घटनाओं के कारण उत्सव सीमित रूप में मनाया जाएगा।
प्राकृतिक रंगों के उपयोग की अपील
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि धुलीवंदन और रंगपंचमी के दौरान प्राकृतिक रंगों का उपयोग करें और रासायनिक रंगों से बचें। शिंदे ने कहा कि सरकार की इस अपील को जनता से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है और रासायनिक रंगों का उपयोग पहले की तुलना में काफी कम हुआ है।
मिडिल ईस्ट में जारी अस्थिरता के बीच महाराष्ट्र सरकार का यह कदम फंसे हुए नागरिकों और उनके परिवारों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। अब सभी की नजरें उन विशेष उड़ानों पर टिकी हैं, जिनके जरिए 164 नागरिकों की सुरक्षित घर वापसी सुनिश्चित की जा रही है।














