गाजीपुर। जमानिया नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष जयप्रकाश गुप्ता समेत दो लोगों के खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
आरोप है कि एमएलसी विशाल सिंह चंचल के लेटरपैड पर फर्जी हस्ताक्षर कर दस्तावेज तैयार किए गए और उसके माध्यम से 408.68 लाख रुपये की धनराशि प्राप्त करने के लिए फाइल शासन को भेजी गई।
पुलिस ने यह कार्रवाई एमएलसी के प्रतिनिधि डॉ. प्रदीप पाठक की तहरीर पर की है। प्रभारी निरीक्षक रामसजन नागर ने बताया कि डॉ. पाठक ने खुद को एमएलसी का प्रतिनिधि बताते हुए पुलिस को तहरीर दी।
तहरीर में आरोप लगाया गया है कि जमानिया नगर पालिका अध्यक्ष जयप्रकाश गुप्ता और उनके सहयोगियों ने मिलीभगत कर 10 जून को एमएलसी का कथित फर्जी लेटरपैड तैयार किया और उस पर फर्जी हस्ताक्षर किए।
आरोप के मुताबिक, कूटरचित दस्तावेज के माध्यम से वित्तीय वर्ष 2026-27 में पंडित दीनदयाल नगर विकास योजना, अनुदान संख्या 37/83 के तहत नगर में प्रकाश व्यवस्था के लिए प्रस्ताव शासन को भेजा गया।
इसमें नगर के मुख्य मार्गों पर सात मीटर के पोल, लाइट आदि कार्यों के लिए 408.68 लाख रुपये की धनराशि प्राप्त करने का उल्लेख किया गया था।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि फर्जी दस्तावेज तैयार कर शासन को भेजकर छल किया गया। मामले में नगर पालिका अध्यक्ष और उनके सहयोगियों की भूमिका की जांच की मांग की गई है।
कोतवाल रामसजन नागर ने बताया कि तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उधर, नगर पालिका अध्यक्ष जयप्रकाश गुप्ता ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि साजिश के तहत उन्हें फंसाने का प्रयास किया जा रहा है। जांच में पूरी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।














