गाजीपुर – चर्चित गजल होटल मामले में एक नया मोड़ सामने आया है। टेढ़ी बाजार निवासी अभिषेक अग्रवाल ने एमपी/एमएलए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दाखिल कर दावा किया है कि जिस जमीन पर गजल होटल का निर्माण हुआ है, वह उनकी निजी संपत्ति है। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी ने इस जमीन पर जबरन कब्जा कर होटल का निर्माण कराया था।
शनिवार को मामले की सुनवाई के दौरान विधायक अब्बास अंसारी के अधिवक्ता ने न्यायालय से अतिरिक्त समय की मांग की। इसके बाद अभिषेक अग्रवाल की ओर से उनके वकील ने अदालत में पक्ष रखते हुए जमीन पर स्वामित्व का दावा दोहराया। उन्होंने कहा कि संबंधित भूमि उनके परिवार की है और उस पर अवैध रूप से कब्जा कर गजल होटल बनाया गया था।
गौरतलब है कि गजल होटल से जुड़ा मामला पहले से ही चर्चाओं में रहा है और समय-समय पर नए दावे तथा कानूनी पहलू सामने आते रहे हैं। अब अभिषेक अग्रवाल के दावे ने इस विवाद को एक नई दिशा दे दी है। इससे मामले की कानूनी जटिलता और बढ़ गई है तथा अदालत के सामने स्वामित्व से जुड़े तथ्यों की जांच और भी महत्वपूर्ण हो गई है।
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद एमपी/एमएलए कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 27 जून की तारीख निर्धारित की है। गजल होटल की जमीन को लेकर लगातार नए दावेदारों के सामने आने से यह मामला फिर सुर्खियों में है। अब लोगों की निगाहें अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां अदालत इस विवाद में आगे की कानूनी प्रक्रिया तय करेगी














