नोएडा। भारतीय जनता पार्टी नोएडा महानगर द्वारा जिला अध्यक्ष महेश चौहान के नेतृत्व में अग्रसेन भवन में आयोजित दो दिवसीय “पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान” का समापन संगठनात्मक मजबूती, वैचारिक प्रशिक्षण और विकसित भारत के संकल्प के साथ हुआ। यह केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम नहीं, बल्कि भाजपा के संगठनात्मक ढांचे को बूथ स्तर तक और अधिक मजबूत करने, कार्यकर्ताओं को वैचारिक रूप से सशक्त बनाने तथा आगामी राजनीतिक और सामाजिक चुनौतियों के लिए तैयार करने का अभियान भी रहा।
प्रशिक्षण वर्ग में भाजपा की विचारधारा, संगठनात्मक कार्यप्रणाली, राष्ट्र निर्माण में पार्टी की भूमिका, चुनाव प्रबंधन, कार्य विस्तार, पर्यावरण संरक्षण, आत्मनिर्भर भारत और केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कार्यकर्ताओं को वैचारिक, संगठनात्मक और चुनावी दृष्टि से प्रशिक्षित कर उन्हें समाज के बीच अधिक प्रभावी भूमिका निभाने के लिए तैयार करना रहा।
कार्यक्रम के अंतिम चरण में पूर्व केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए संगठन की कार्यशैली और चुनावी रणनीति पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भाजपा एक चुनाव आधारित नहीं बल्कि सतत जनसंपर्क और राष्ट्र सेवा के सिद्धांत पर कार्य करने वाला संगठन है, जहां एक विजय के बाद अगली चुनौती की तैयारी तत्काल प्रारंभ हो जाती है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संगठन की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए अनुशासन, समर्पण और निरंतर जनसंपर्क को भाजपा की सफलता का आधार बताया।
भाजपा के इतिहास से वर्तमान तक की यात्रा पर विशेष चर्चा
प्रशिक्षण अभियान के नवम सत्र में प्रदेश उपाध्यक्ष ब्रज बहादुर ने “भाजपा का इतिहास एवं विकास” विषय पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने भारतीय जनसंघ की स्थापना से लेकर वर्तमान भाजपा के विस्तार तक की यात्रा को कार्यकर्ताओं के सामने रखा। उन्होंने कहा कि विचारधारा आधारित राजनीति ही संगठन को स्थायित्व प्रदान करती है।
उन्होंने जनसंघ के चुनाव चिन्ह “दीपक” से भाजपा के चुनाव चिन्ह “कमल” तक की यात्रा, संगठन के संघर्ष, विभिन्न राजनीतिक पड़ावों तथा केंद्र में लगातार तीसरी बार सरकार बनने तक की राजनीतिक यात्रा को कार्यकर्ताओं के समक्ष रखा। साथ ही उन्होंने विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं बल्कि राष्ट्रीय संकल्प बताते हुए कार्यकर्ताओं से जनभागीदारी बढ़ाने का आह्वान किया।
आज नोएडा के सेक्टर-33 में भाजपा द्वारा आयोजित ‘पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान-2026’ के जिला प्रशिक्षक वर्ग के समापन सत्र में के अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री श्री मुख्तार अब्बास नकवी जी के साथ सहभागिता की। pic.twitter.com/ZJ8b6iFvYd
— Pankaj Singh (@PankajSinghBJP) May 24, 2026
‘देश के सामने चुनौतियां’ विषय पर राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा
दशम सत्र में पूर्व किसान मोर्चा अध्यक्ष एवं प्रशिक्षण वर्ग प्रभारी राजा वर्मा ने आतंकवाद, कट्टरवाद, पर्यावरण संरक्षण और आत्मनिर्भर भारत जैसे विषयों को राष्ट्रीय विकास के महत्वपूर्ण आयाम बताते हुए कहा कि भारत को भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए सामाजिक जागरूकता, आर्थिक आत्मनिर्भरता और पर्यावरणीय संतुलन को प्राथमिकता देनी होगी।
उन्होंने जल संरक्षण, वृक्षारोपण, वर्षा जल संचयन, सौर ऊर्जा और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण को समय की आवश्यकता बताते हुए कार्यकर्ताओं से समाज में जागरूकता अभियान चलाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत का सपना केवल आर्थिक विकास से नहीं बल्कि सामाजिक और पर्यावरणीय उत्तरदायित्व से भी पूरा होगा।
बूथ स्तर तक संगठन विस्तार पर विशेष रणनीति
प्रशिक्षण वर्ग का महत्वपूर्ण केंद्र बिंदु संगठन को बूथ स्तर तक और अधिक मजबूत करना रहा। भाजपा नेतृत्व ने कार्यकर्ताओं को स्पष्ट संदेश दिया कि राजनीतिक सफलता की वास्तविक नींव बूथ स्तर पर सक्रिय संगठन, प्रशिक्षित कार्यकर्ता और निरंतर जनसंपर्क में निहित है।
कार्यक्रम में यह भी रेखांकित किया गया कि भविष्य की राजनीतिक चुनौतियों के लिए संगठनात्मक क्षमता, डिजिटल संवाद, प्रभावी जनसंपर्क और स्थानीय स्तर पर मजबूत उपस्थिति अत्यंत आवश्यक है।
विकसित भारत 2047: संगठन से समाज तक पहुंचाने का संकल्प
कार्यक्रम के समापन अवसर पर विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को जन-जन तक पहुंचाने का सामूहिक संकल्प लिया गया। कार्यकर्ताओं से अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभाने, सरकारी योजनाओं की जानकारी अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने और संगठन को सामाजिक भागीदारी के माध्यम से और अधिक सशक्त बनाने का आह्वान किया गया।
दो दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग में सांसद, विधायक, प्रदेश पदाधिकारी, जिला पदाधिकारी, वरिष्ठ कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि संगठनात्मक प्रशिक्षण, वैचारिक स्पष्टता और जमीनी स्तर पर सक्रियता भविष्य की राजनीतिक दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।














