नोएडा। मरीजों और अस्पताल कर्मचारियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए “कैलाश अस्पताल एवं हृदय संस्थान”, सेक्टर-27 नोएडा में सोमवार को व्यापक फायर मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। यह अभ्यास उत्तर प्रदेश पुलिस फायर डिपार्टमेंट के सहयोग से आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य अस्पताल परिसर में अग्नि सुरक्षा और आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करना था।
इस विशेष मॉकड्रिल में अस्पताल प्रशासन, फायर सेफ्टी टीम, चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ और अन्य कर्मचारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। पूरे कार्यक्रम के दौरान आग लगने की संभावित स्थिति को ध्यान में रखते हुए बचाव और राहत कार्यों का लाइव प्रदर्शन किया गया, ताकि कर्मचारियों को वास्तविक परिस्थितियों में तुरंत और प्रभावी प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार किया जा सके।
उत्तर प्रदेश फायर डिपार्टमेंट के वरिष्ठ अधिकारी देवेन्द्र और उनकी टीम ने कर्मचारियों को आग बुझाने वाले उपकरणों के सही इस्तेमाल, इमरजेंसी एग्जिट रूट, प्राथमिक सुरक्षा उपायों और रेस्क्यू प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि किसी भी बड़े अस्पताल में आपदा प्रबंधन की तैयारी बेहद जरूरी होती है, क्योंकि वहां बड़ी संख्या में मरीज, तीमारदार और मेडिकल स्टाफ मौजूद रहते हैं।
इस अवसर पर अस्पताल की चिकित्सा अधीक्षक डा. सारिका चन्द्रा ने कहा कि मरीजों और कर्मचारियों की सुरक्षा अस्पताल की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों को सुरक्षा मानकों के प्रति प्रशिक्षित करना और किसी भी आपातकालीन स्थिति में प्रभावी कार्रवाई के लिए तैयार रखना है।
डा. सारिका चन्द्रा ने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के जागरूकता और सुरक्षा कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि अस्पताल परिसर को हर परिस्थिति में सुरक्षित रखा जा सके। उन्होंने जनपद गौतमबुद्धनगर के चीफ फायर ऑफिसर प्रदीप कुमार और उनकी टीम का विशेष आभार भी व्यक्त किया।
कैलाश अस्पताल में आयोजित इस मॉकड्रिल ने यह संदेश दिया कि आधुनिक चिकित्सा सेवाओं के साथ-साथ सुरक्षा और आपदा प्रबंधन की तैयारी भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।














