इस्लामाबाद/रावलपिंडी: पाकिस्तान की सबसे सुरक्षित मानी जाने वाली अदियाला सेंट्रल जेल एक बार फिर सुर्खियों में है। इस बार वजह पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान नहीं, बल्कि जेल की सुरक्षा में हुई बड़ी चूक है। अदालत से पेशी के बाद जेल वापस लाए जा रहे 14 कैदी पुलिस वैन से फरार हो गए, जिससे पूरे सुरक्षा तंत्र में हड़कंप मच गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कैदियों को अदालत से अदियाला जेल लाया जा रहा था। रास्ते में मौका मिलते ही कैदियों ने पुलिसकर्मियों की आंखों में मिर्च पाउडर फेंका और पुलिस वैन से भाग निकले। घटना के तुरंत बाद पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया और पुलिस ने बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू कर दिया।
4 कैदी दोबारा गिरफ्तार, 10 की तलाश जारी
फरार हुए 14 कैदियों में से 4 को दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि 10 कैदी अब भी फरार हैं। पुलिस, सुरक्षा एजेंसियां और खुफिया विभाग संयुक्त रूप से सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं। आसपास के इलाकों में नाकेबंदी कर दी गई है और संदिग्ध ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।
अंदरूनी मिलीभगत की भी जांच
घटना के बाद अधिकारियों ने यह जांच भी शुरू कर दी है कि कहीं जेल प्रशासन या पुलिस के किसी कर्मचारी की लापरवाही अथवा अंदरूनी मिलीभगत तो इस फरारी के पीछे नहीं थी। सुरक्षा प्रोटोकॉल में हुई चूक की विस्तृत जांच के आदेश दिए गए हैं।
इसी जेल में बंद हैं इमरान खान
अदियाला जेल पाकिस्तान की सबसे चर्चित हाई-सिक्योरिटी जेलों में से एक है। भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान भी इसी जेल में बंद हैं। उनकी सुरक्षा के लिए पहले से ही कड़े इंतजाम किए गए हैं। ऐसे में इसी जेल से कैदियों का फरार होना पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती
घटना के बाद जेल प्रशासन और पुलिस पर दबाव बढ़ गया है। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि हाई-सिक्योरिटी जेल से इस तरह कैदियों का फरार होना सुरक्षा व्यवस्था की बड़ी विफलता माना जाएगा। अब सभी की नजर इस बात पर है कि फरार कैदियों को कब तक गिरफ्तार किया जाता है और जांच में क्या खुलासे सामने आते हैं।














