नोएडा: नोएडा के सेक्टर-49 में बिजली आपूर्ति को लेकर स्थानीय निवासियों की नाराजगी अब खुलकर सामने आती दिखाई दे रही है। सेक्टर-49 के निवासियों की ओर से जारी किए गए एक पोस्टर में पिछले कई वर्षों से विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को लेकर परेशानी का दावा किया गया है। पोस्टर में आरोप लगाया गया है कि इलाके में बिजली की सप्लाई कई बार घंटों तक बाधित रहती है और बार-बार होने वाली कटौती ने लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित किया है।
पोस्टर में सीधे तौर पर “MLA NOIDA संज्ञान लें” की अपील की गई है। इसके साथ ही सवाल उठाया गया है कि यदि सेक्टर-49 को “No Cut Zone” के दायरे में रखा गया है, तो फिर यहां के निवासियों को लंबे समय से बिजली कटौती की समस्या का सामना क्यों करना पड़ रहा है?
“No Cut Zone” के बावजूद कटौती क्यों?
पोस्टर का सबसे प्रमुख सवाल यही है कि “No Cut Zone” होने के बावजूद सेक्टर-49 में बिजली आपूर्ति को लेकर शिकायतें क्यों बनी हुई हैं। निवासियों की ओर से दावा किया गया है कि यह परेशानी कोई एक-दो दिन की समस्या नहीं, बल्कि लंबे समय से चली आ रही है।
इस मुद्दे की गंभीरता इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि बिजली की निर्बाध आपूर्ति शहरी जीवन की बुनियादी जरूरतों में शामिल है। बिजली बाधित होने का असर घरों के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई, बुजुर्गों की दिनचर्या, कामकाज, इंटरनेट आधारित कार्य और घरेलू उपकरणों पर भी पड़ता है।
मई 2026 में प्रकाशित स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में भी नोएडा के कई सेक्टरों में बिजली कटौती की शिकायतें सामने आई थीं। एक रिपोर्ट में सेक्टर-49 में बार-बार ट्रिपिंग और रात में लंबे समय तक बिजली गुल रहने की बात दर्ज की गई थी। हालांकि, इन रिपोर्टों और पोस्टर में किए गए सभी दावों को एक ही घटना या एक ही कारण से जोड़ना उचित नहीं होगा।
एक महीने की समयसीमा, फिर चुनावी बहिष्कार की चेतावनी
पोस्टर में सबसे महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश उस हिस्से में है, जहां “सेक्टर 49 के निवासियों” के नाम से कहा गया है कि फैसला कर लिया गया है।
इसमें स्पष्ट शब्दों में कहा गया है कि यदि एक महीने के अंदर बिजली से संबंधित परेशानी में सुधार नहीं हुआ, तो आगामी “विधानसभा चुनाव 2027” में “MLA NOIDA का Boycott” किया जाएगा।
यह बयान पोस्टर में निवासियों की ओर से दी गई राजनीतिक चेतावनी के रूप में सामने आता है। हालांकि, कितने निवासी इस निर्णय से औपचारिक रूप से जुड़े हैं, कितने लोगों ने इसका समर्थन किया है और क्या यह किसी पंजीकृत RWA या सामूहिक संस्था का आधिकारिक प्रस्ताव है—इसकी स्वतंत्र पुष्टि पोस्टर से नहीं होती।
यानी संदेश साफ है—स्थानीय बिजली समस्या को केवल विभागीय शिकायत के स्तर पर नहीं छोड़ने की बात कही गई है, बल्कि इसे जनप्रतिनिधि की जवाबदेही और आने वाले विधानसभा चुनाव से जोड़ दिया गया है।
चार प्रमुख मांगों पर जोर
पोस्टर में “हमारी मुख्य मांगें” शीर्षक के तहत चार मांगें प्रमुखता से रखी गई हैं।
पहली मांग है कि साप्ताहिक नहीं, बल्कि नियमित विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।
दूसरी मांग है कि बार-बार होने वाली बिजली कटौती पर रोक लगाई जाए।
तीसरी मांग में समयबद्ध मरम्मत और सिस्टम की मॉनिटरिंग की बात कही गई है। यानी बिजली व्यवस्था में खराबी आने के बाद केवल मरम्मत ही नहीं, बल्कि विद्युत तंत्र की नियमित निगरानी और समय पर रखरखाव की मांग भी उठाई गई है।
चौथी और सबसे स्पष्ट मांग है कि सेक्टर-49 को पूर्ण रूप से “No Cut Zone” की सुविधा का लाभ दिया जाए।
इन मांगों से यह संकेत मिलता है कि निवासियों की शिकायत केवल एक-दो बार बिजली जाने तक सीमित नहीं है, बल्कि वे नियमित आपूर्ति, त्वरित शिकायत निवारण और सिस्टम की निगरानी को लेकर स्थायी समाधान चाहते हैं।
MLA NOIDA SE SECTOR 49 NOIDA KE RESIDENTS KI “APPEAL”@PVVNLHQ @PankajSinghBJP @PankajSingh_in pic.twitter.com/13moRU5FnD
— RWA SECTOR 49 NOIDA (@49RWA) September 23, 2026
मुद्दा सिर्फ बिजली कटने का नहीं, जवाबदेही का भी
पोस्टर में बिजली कटौती के मुद्दे को सीधे स्थानीय विधायक से जोड़ा गया है। “MLA NOIDA संज्ञान लें” लिखकर जनप्रतिनिधि से हस्तक्षेप की मांग की गई है।
हाल के महीनों में नोएडा में बिजली आपूर्ति से जुड़े मुद्दे सार्वजनिक चर्चा में रहे हैं। अगस्त 2026 में नोएडा विधायक पंकज सिंह ने वैध कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं की बिजली आपूर्ति बहाल करने और बिना कनेक्शन वाले लोगों के लिए अस्थायी कनेक्शन की व्यवस्था को लेकर आश्वासन दिए जाने की खबरें भी प्रकाशित हुई थीं।
वहीं अगस्त 2026 में नोएडा के 45 हजार उपभोक्ताओं के लिए RMU तकनीक के माध्यम से निर्बाध विद्युत आपूर्ति शुरू किए जाने की रिपोर्ट भी सामने आई थी।
ऐसे में सेक्टर-49 के निवासियों की ओर से उठाया गया सवाल स्थानीय स्तर पर बिजली व्यवस्था की गुणवत्ता और उपलब्ध सुविधाओं के वास्तविक लाभ को लेकर है।
“सही से बिजली दिलाएं, नहीं तो…”
पोस्टर की अंतिम और सबसे तीखी पंक्ति है—
“MLA NOIDA सही से बिजली दिलायें, नहीं तो OK, TATA, Bye Bye!”
यह पंक्ति मूलतः राजनीतिक जवाबदेही की भाषा में लिखी गई है। इसका आशय पोस्टर के संदर्भ में यह है कि यदि बिजली की समस्या दूर नहीं हुई तो निवासियों का समर्थन आगामी चुनाव में जनप्रतिनिधि के लिए चुनौती बन सकता है।
पोस्टर के सबसे नीचे “Residents Of Sector 49 NOIDA” लिखा गया है। हालांकि, पोस्टर अपने आप में यह प्रमाणित नहीं करता कि सेक्टर के सभी निवासी इस रुख से सहमत हैं। इसलिए इस संदेश को पोस्टर में व्यक्त निवासियों के दावे और चेतावनी के रूप में देखना अधिक उचित होगा।
अब नजर एक महीने की समयसीमा पर
सेक्टर-49 का बिजली विवाद अब स्थानीय प्रशासन, बिजली विभाग और जनप्रतिनिधि के सामने एक स्पष्ट मांग के रूप में रखा गया है। निवासियों की मांग है कि नियमित विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो, अनावश्यक या बार-बार होने वाली कटौती पर रोक लगे, खराबी की समयबद्ध मरम्मत हो और विद्युत व्यवस्था की लगातार निगरानी की जाए।
पोस्टर में दी गई एक महीने की समयसीमा पूरी होने के बाद क्या स्थिति बनती है, क्या बिजली आपूर्ति में सुधार होता है और क्या निवासियों की ओर से वास्तव में कोई सामूहिक राजनीतिक कदम उठाया जाता है—यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा।
फिलहाल सेक्टर-49 की आवाज पोस्टर के जरिए सामने आ चुकी है। मुद्दा बिजली का है, मांग नियमित आपूर्ति की है और सवाल जवाबदेही का। अब स्थानीय निवासियों की नजर इस बात पर है कि उनकी शिकायत पर संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधि क्या कार्रवाई करते हैं।















