ग्रेटर नोएडा वेस्ट : ग्रेटर नोएडा वेस्ट के लाखों लोगों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से ट्रैफिक जाम की समस्या से जूझ रहे निवासियों को इस वर्ष दीपावली तक गौर चौक अंडरपास की सौगात मिल सकती है। गुरुवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की जनसुनवाई में अधिकारियों ने संकेत दिए कि यदि सभी तकनीकी और सुरक्षा परीक्षण समय पर पूरे हो गए तो अंडरपास को दीपावली तक यातायात के लिए खोल दिया जाएगा।
हालांकि अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि परियोजना का निर्माण कार्य निर्धारित समय से पहले भी पूरा हो सकता है, लेकिन किसी भी स्थिति में सुरक्षा मानकों से समझौता नहीं किया जाएगा। अंडरपास तभी जनता के लिए खोला जाएगा जब सभी तकनीकी परीक्षण सफलतापूर्वक पूरे हो जाएंगे।
यह आश्वासन उस समय सामने आया जब जनसुनवाई में क्षेत्र के नागरिक प्रतिनिधियों ने ट्रैफिक जाम, अधूरे निर्माण कार्य, सड़क लेवलिंग और हिंडन पुल के पास पड़े मलबे सहित कई गंभीर मुद्दों को मजबूती से उठाया।
खराब मौसम के बीच हुई जनसुनवाई, ACEO नहीं पहुंच सके
गुरुवार को आयोजित जनसुनवाई में खराब मौसम के कारण अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी (ACEO) उपस्थित नहीं हो सके। उनकी ओर से OSD गुंजा मैडम और प्राधिकरण के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने नागरिक प्रतिनिधियों से मुलाकात की।
बैठक में अधिकारियों ने सभी समस्याओं को गंभीरता से सुना और कई मामलों में समयबद्ध कार्रवाई का भरोसा दिया। नागरिक संगठनों ने भी विस्तार से क्षेत्र की वर्तमान ट्रैफिक स्थिति और उससे होने वाली परेशानियों को अधिकारियों के सामने रखा।
गौर चौक अंडरपास बना सबसे बड़ा मुद्दा
जनसुनवाई का केंद्र बिंदु गौर चौक अंडरपास रहा। यह परियोजना पिछले कई महीनों से ग्रेटर नोएडा वेस्ट के लोगों की सबसे बड़ी उम्मीद बनी हुई है।
अधिकारियों ने बताया कि निर्माण कार्य तेज गति से चल रहा है। यदि मौसम ने साथ दिया तो निर्माण कार्य तय समय से पहले भी पूरा हो सकता है। लेकिन अंडरपास को जल्दबाजी में शुरू नहीं किया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार—
- सभी तकनीकी निरीक्षण पूरे होंगे।
- सुरक्षा मानकों की विस्तृत जांच होगी।
- यातायात संचालन का ट्रायल किया जाएगा।
- सभी एजेंसियों से अंतिम अनुमति मिलने के बाद ही इसे जनता के लिए खोला जाएगा।
प्राधिकरण ने फिलहाल दीपावली तक अंडरपास चालू करने का लक्ष्य तय किया है।
यदि यह लक्ष्य पूरा होता है तो रोजाना गौर चौक पर लगने वाले भारी ट्रैफिक जाम से हजारों वाहन चालकों को राहत मिल सकती है।
हर दिन घंटों जाम से जूझ रहे हैं लाखों लोग
गौर चौक केवल ग्रेटर नोएडा वेस्ट ही नहीं बल्कि नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद और दिल्ली के बीच आवागमन का महत्वपूर्ण जंक्शन बन चुका है।
सुबह और शाम के व्यस्त समय में यहां वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं। कई बार लोगों को कुछ किलोमीटर का सफर तय करने में 30 से 45 मिनट तक लग जाते हैं।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि बढ़ती आबादी के मुकाबले सड़क ढांचा पर्याप्त नहीं है। इसी कारण अंडरपास को जल्द शुरू करने की मांग लगातार उठाई जा रही है।
हिंडन पुल के पास पड़ा मलबा भी बनेगा इतिहास
बैठक में हिंडन पुल के समीप कई दिनों से पड़े निर्माण मलबे और स्क्रैप का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया।
नागरिक प्रतिनिधियों ने कहा कि सड़क किनारे पड़े मलबे के कारण सड़क संकरी हो गई है। इससे वाहन चालकों को परेशानी होती है और दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है।
इस पर अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि अगले तीन से चार दिनों के भीतर पूरे क्षेत्र से मलबा और स्क्रैप हटाने की कार्रवाई पूरी कर ली जाएगी।
प्राधिकरण का मानना है कि मलबा हटने के बाद सड़क की उपयोगी चौड़ाई बढ़ेगी और ट्रैफिक संचालन पहले की तुलना में बेहतर होगा।
सड़क लेवलिंग का काम भी होगा तेज
बैठक में गौर चौक के आसपास सड़क लेवलिंग और मरम्मत का मुद्दा भी सामने आया।
अधिकारियों ने बताया कि लगातार बारिश और खराब मौसम के कारण कई निर्माण कार्यों की गति प्रभावित हुई है। जहां-जहां सड़क समतलीकरण का कार्य अधूरा है, वहां मौसम सामान्य होते ही तेजी से काम कराया जाएगा।
प्राधिकरण का कहना है कि सड़क की गुणवत्ता सुधारने के साथ-साथ जलभराव की समस्या को भी कम करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
पर्थला जाम पर भी हुई गंभीर चर्चा
बैठक में पर्थला चौराहे पर लगने वाले जाम को लेकर भी लंबी चर्चा हुई।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह क्षेत्र नोएडा प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र में आता है।
इस दौरान नागरिक प्रतिनिधियों ने बताया कि लगभग दो सप्ताह पहले डीसीपी ट्रैफिक के साथ हुई बैठक में कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए थे।
इन सुझावों में—
- फ्लाईओवर से पहले डिवाइडर की छंटाई
- ग्रीन बेल्ट की सफाई
- सड़क की चौड़ाई बढ़ाना
- यातायात संचालन में सुधार
जैसे उपाय शामिल थे।
प्रतिनिधियों ने कहा कि यदि इन सुझावों पर अमल किया जाए तो पर्थला क्षेत्र में ट्रैफिक जाम काफी हद तक कम किया जा सकता है।
नोएडा प्राधिकरण से होगा समन्वय
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि पर्थला क्षेत्र से जुड़े मामलों में नोएडा प्राधिकरण के साथ समन्वय स्थापित किया जाएगा।
जरूरी विभागों के बीच तालमेल बनाकर जल्द कार्रवाई कराने का प्रयास किया जाएगा ताकि क्षेत्र के लोगों को राहत मिल सके।
नागरिकों ने उठाए कई अन्य जनहित के मुद्दे
जनसुनवाई के दौरान केवल ट्रैफिक ही नहीं बल्कि आधारभूत सुविधाओं से जुड़े कई अन्य विषय भी उठाए गए।
प्रतिनिधियों ने कहा कि ग्रेटर नोएडा वेस्ट की आबादी लगातार बढ़ रही है। ऐसे में सड़क, यातायात, सफाई और सार्वजनिक सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जाना जरूरी है।
उन्होंने अधिकारियों से विकास कार्यों में तेजी लाने और समयबद्ध निगरानी की मांग की।
विकास समिति ने जताई उम्मीद
बैठक के बाद गौतम बुद्ध नगर विकास समिति ने कहा कि क्षेत्र के नागरिक लगातार जनहित के मुद्दों को प्रशासन के सामने मजबूती से रख रहे हैं।
समिति का कहना है कि प्राधिकरण का रवैया सकारात्मक दिखाई दे रहा है और कई मामलों में अधिकारियों ने समयबद्ध कार्रवाई का भरोसा दिया है।
समिति ने उम्मीद जताई कि यदि सभी आश्वासनों पर निर्धारित समय में अमल हुआ तो आने वाले महीनों में ग्रेटर नोएडा वेस्ट के लाखों लोगों को ट्रैफिक जाम और अन्य समस्याओं से बड़ी राहत मिलेगी।
क्या बदलेगी ट्रैफिक की तस्वीर?
गौर चौक अंडरपास का निर्माण पूरा होना केवल एक परियोजना का समापन नहीं होगा, बल्कि यह ग्रेटर नोएडा वेस्ट की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव ला सकता है। इसके साथ ही यदि हिंडन पुल के पास मलबा हटाने, सड़क लेवलिंग, पर्थला जाम के समाधान और विभिन्न विभागों के समन्वय जैसे वादे समय पर पूरे होते हैं, तो आने वाले समय में लाखों दैनिक यात्रियों का सफर पहले की तुलना में अधिक सुगम और सुरक्षित हो सकता है।














