गाजीपुर। गाजीपुर पीजी कॉलेज के पूर्व छात्रसंघ महामंत्री एवं पूर्व यूथ कांग्रेस अध्यक्ष सुधांशु तिवारी ने आरोप लगाया है कि उन्हें पुलिस प्रशासन द्वारा उनके आवास पर नजरबंद कर दिया गया है। उनका कहना है कि यह कार्रवाई अयोध्या राम मंदिर में कथित चंदा अनियमितता के मुद्दे को लेकर लगातार आवाज उठाने के कारण की गई है।सुधांशु तिवारी ने जारी बयान में दावा किया कि शनिवार रात करीब 11 बजे से पुलिस उनके घर के बाहर तैनात है और उन्हें बाहर निकलने की अनुमति नहीं दी जा रही है। उन्होंने इसे लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमला बताते हुए कहा कि सरकार विरोध की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनका “कसूर” केवल इतना है कि उन्होंने राम मंदिर के नाम पर कथित चंदा चोरी के खिलाफ आवाज उठाई।तिवारी ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में हर नागरिक को अपनी बात रखने का अधिकार है और किसी भी प्रकार की नजरबंदी से युवाओं की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि वे जनता के अधिकारों और न्याय की लड़ाई आगे भी जारी रखेंगे तथा किसी भी दबाव के आगे झुकेंगे नहीं।हालांकि, इस मामले में पुलिस प्रशासन की ओर से नजरबंदी के दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। प्रशासन की ओर से इस संबंध में आधिकारिक बयान जारी होने की प्रतीक्षा है। यदि पुलिस या जिला प्रशासन की ओर से कोई पक्ष सामने आता है तो उसके आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।














