गाजीपुर। दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के अंतर्गत गठित स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को विभिन्न लाभकारी योजनाओं से जोड़ने के उद्देश्य से बिरनो सभागार में कार्यशाला एवं संवाद कार्यक्रम का आयोजन जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में किया गया। कार्यक्रम से पूर्व जिलाधिकारी एवं ब्लॉक प्रमुख बिरनो राजन सिंह ने परिसर में पौधरोपण कर लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने की अपील की।
महिलाओं के कार्यों की सराहना, गुणवत्ता पर दिया विशेष जोर
संवाद कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से उनके कार्यों की जानकारी ली। महिलाओं ने बताया कि वे हैंडवॉश, फिनायल, हार्पिक, अगरबत्ती, झाड़ू, मसाले, रेडीमेड कपड़े आदि उत्पाद तैयार कर रही हैं, जबकि कुछ महिलाएं कॉस्मेटिक सामग्री की बिक्री और कृषि कार्य से जुड़ी हैं। जिलाधिकारी ने उत्पादों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न करने का निर्देश देते हुए कहा कि बाजार की मांग के अनुरूप बेहतर और उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद तैयार किए जाएं। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर प्रशिक्षण और प्रमाणन की व्यवस्था भी कराई जाएगी तथा बीएमएम और डीएमएम को इस दिशा में सक्रियता से कार्य करने के निर्देश दिए।
महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने पर बल
जिलाधिकारी ने कहा कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं एवं जरूरतमंद परिवारों को आत्मनिर्भर बनाना तथा उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त करना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पहुंचाया जाए। समूहों को बैंक ऋण, प्रशिक्षण और स्वरोजगार गतिविधियों से जोड़कर उनकी आय बढ़ाने के प्रभावी प्रयास किए जाएं। प्रत्येक पात्र परिवार का सर्वे कर उन्हें योजनाओं से जोड़ने के निर्देश भी दिए गए।
उत्पादों की ब्रांडिंग और विपणन व्यवस्था पर जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराया जाए तथा उनकी ब्रांडिंग और बिक्री की समुचित व्यवस्था की जाए। उन्होंने कहा कि जब ग्रामीण महिलाएं सशक्त होंगी तो उनका पूरा परिवार और समाज सशक्त होगा। कार्यशाला में मौजूद लखपति दीदी की समस्याओं को भी सुना गया और उनके समाधान के लिए आवश्यक निर्देश दिए गए। साथ ही सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी गई।
मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद ने कहा कि एनआरएलएम के माध्यम से संचालित योजनाएं ग्रामीण विकास और गरीबी उन्मूलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने समूहों की नियमित समीक्षा कर उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने के निर्देश दिए। कार्यशाला में स्वयं सहायता समूहों के गठन, बैंक लिंकेज, आजीविका गतिविधियों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों, स्वरोजगार योजनाओं एवं अन्य लाभार्थीपरक योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की गई।
स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की प्रदर्शनी का किया अवलोकन
कार्यक्रम के दौरान ब्लॉक परिसर में स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों के स्टॉल लगाए गए थे, जिनका जिलाधिकारी ने अवलोकन कर महिलाओं से जानकारी प्राप्त की। महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत अन्नप्राशन एवं गोदभराई कार्यक्रम भी आयोजित किया गया।
ग्राम चौपाल में सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं
इसी क्रम में पीरथीपुर प्राथमिक विद्यालय परिसर में ग्राम चौपाल का आयोजन किया गया। यहां जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने ग्रामीणों से बिजली, पानी, आवास, सड़क और स्वास्थ्य विभाग से संबंधित समस्याओं की जानकारी ली और लोगों से बेझिझक अपनी समस्याएं रखने की अपील की। उन्होंने आश्वासन दिया कि प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाएगा।
इस अवसर पर ब्लॉक प्रमुख बिरनो राजन सिंह, मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, एलडीएम, उपायुक्त स्वरोजगार, खंड विकास अधिकारी कौश्तुंभ मणि पाठक सहित जनप्रतिनिधि राजेंद्र सिंह यादव पप्पू, शचींद्र नाथ सिंह लल्लन, विनोद गुप्ता, नागेंद्र कुशवाहा, जयप्रकाश राम, प्रमोद यादव, ओमजी सिंह, अवधनारायण यादव, मुलायम यादव, श्यामसुंदर यादव, शिवेंद्र सिंह, शिवम शर्मा सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।














