नई दिल्ली:दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को दिल्ली सचिवालय में प्रशासनिक सचिवों और विभागाध्यक्षों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में बजट 2026-27 में घोषित योजनाओं, उनकी प्रगति और तय समय-सीमाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
समयबद्ध विकास पर जोर
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि दिल्ली का तेजी से विकास तभी संभव है जब सभी परियोजनाएं समय पर पूरी हों। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक विभाग अपने लक्ष्यों और समय-सीमाओं को गंभीरता से निर्धारित करे और उसी के अनुरूप कार्य सुनिश्चित करे।
‘CM प्रगति पोर्टल’ से होगी निगरानी
सीएम ने बताया कि सभी प्रमुख परियोजनाओं की निगरानी सीएम प्रगति पोर्टल के माध्यम से की जाएगी। इस पोर्टल पर हर विभाग को अपने प्रोजेक्ट्स की प्रगति, तय समय-सीमा और आगामी चरणों की नियमित जानकारी अपडेट करनी होगी।
उन्होंने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और उच्च स्तर पर परियोजनाओं की प्रभावी समीक्षा संभव हो सकेगी। साथ ही अधिकारियों को 15 दिन, 20 दिन और एक महीने के अल्पकालिक लक्ष्य तय कर उन्हें समय पर पूरा करने के निर्देश दिए गए।
लक्ष्य, टाइमलाइन और जवाबदेही पर सख्ती
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि परियोजनाओं को अनावश्यक रूप से लंबित रखने की प्रवृत्ति को खत्म करना होगा। टेंडरिंग से लेकर कार्य पूर्ण होने तक की प्रक्रिया समयबद्ध तरीके से पूरी की जानी चाहिए।
उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि किसी परियोजना में बाधा आती है, तो उसे तुरंत उच्च स्तर पर साझा कर समाधान निकाला जाए, न कि कार्यों को टालते रहें।
बेहतर समन्वय और संसाधनों का उपयोग
बैठक में विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया गया, ताकि एक परियोजना की देरी का असर दूसरी परियोजनाओं पर न पड़े। मुख्यमंत्री ने कहा कि उपलब्ध बजट का पूर्ण और प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करना जरूरी है, ताकि योजनाओं का लाभ समय पर जनता तक पहुंचे।
2029 से पहले परियोजनाएं पूरी करने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि सभी प्रमुख परियोजनाएं वर्ष 2029 से पहले पूरी कर ली जाएं। इसके लिए हर विभाग को स्पष्ट कार्ययोजना बनाकर उसे समय पर लागू करना होगा।
बैठक में मुख्य सचिव राजीव वर्मा भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों से समर्पण, पारदर्शिता और परिणामोन्मुखी दृष्टिकोण के साथ कार्य करने का आह्वान किया।














