“बटोट के जियारत मोड़-सना इलाके में मंगलवार शाम मचा हड़कंप, दोनों जिला पुलिस लाइंस में थे तैनात; मौत की वजह तलाशने में जुटी पुलिस”
रामबन। जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले के बटोट इलाके में मंगलवार, 22 सितंबर की शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब जियारत मोड़ के पास सना इलाके में एक कार के अंदर दो पुलिसकर्मी बेहोशी की हालत में मिले। स्थानीय लोगों ने दोनों को तत्काल जिला अस्पताल रामबन पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया।
मृतकों की पहचान हेड कांस्टेबल फरीद अहमद (408/आरबीएन), निवासी भट्टी, रामबन और सिलेक्शन ग्रेड कांस्टेबल (एसजीसीटी) मोहम्मद याकूब (309/आरबीएन), निवासी जटगली, रामबन के रूप में हुई है। दोनों पुलिसकर्मी जिला पुलिस लाइंस (डीपीएल) रामबन में तैनात थे।
फिलहाल दोनों की मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और मौत के कारणों का पता लगाने के लिए हर संभावित पहलू की पड़ताल की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि दोनों पुलिसकर्मियों की मौत किन परिस्थितियों में हुई।
कार में बेहोशी की हालत में मिले दोनों पुलिसकर्मी
पुलिस के अनुसार, दोनों पुलिसकर्मी फिएट वियास कार नंबर JK-19/5299 में बेहोशी की हालत में पाए गए थे। घटना की जानकारी मंगलवार रात करीब 8:30 बजे सामने आई। स्थानीय लोगों की नजर जब कार पर पड़ी और उसमें दोनों पुलिसकर्मियों को अचेत अवस्था में देखा गया, तो उन्होंने तत्काल उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की।
अस्पताल में चिकित्सकों ने दोनों को बचाने की कोशिश की, लेकिन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी भी अस्पताल पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली।
इस घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। हालांकि, पुलिस ने अभी किसी संभावित कारण या आशंका की पुष्टि नहीं की है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने और मेडिकल रिपोर्ट सामने आने के बाद ही मौत की वास्तविक वजह के बारे में कुछ स्पष्ट रूप से कहा जा सकेगा।
एसएसपी समेत वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे अस्पताल
दो पुलिसकर्मियों की मौत की सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारी भी सक्रिय हो गए। एसएसपी रामबन अरुण गुप्ता और अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक मौके पर मौजूद रहे। पुलिस अधिकारियों ने घटना से जुड़ी जानकारी जुटाई और अस्पताल में चल रही कानूनी प्रक्रिया की निगरानी की।
पुलिस ने घटनास्थल और उस कार की भी जांच शुरू कर दी है, जिसमें दोनों पुलिसकर्मी पाए गए थे। कार के भीतर और आसपास की परिस्थितियों को जांच का अहम हिस्सा माना जा रहा है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि दोनों पुलिसकर्मी वहां किस परिस्थिति में पहुंचे थे और कार में उनके साथ क्या हुआ।
हर एंगल से जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के मुताबिक मौत की सही वजह सामने आने तक किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। दोनों शवों को जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकताओं के लिए रखा गया है।
जांच के दौरान पुलिस स्थानीय लोगों से भी पूछताछ कर रही है। घटनास्थल के आसपास की परिस्थितियों की जानकारी जुटाई जा रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि दोनों पुलिसकर्मी आखिरी बार कब और किस स्थिति में देखे गए थे।
इसके अलावा पुलिस उस कार की भी बारीकी से जांच कर रही है, जिसमें दोनों मिले थे। वाहन से जुड़े तमाम पहलुओं को जांच में शामिल किया जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही मौत के कारणों को लेकर तस्वीर साफ हो सकेगी।
दोनों जिला पुलिस लाइंस रामबन में थे तैनात
मृतक दोनों पुलिसकर्मी रामबन की जिला पुलिस लाइंस में तैनात थे। हेड कांस्टेबल फरीद अहमद भट्टी इलाके के रहने वाले थे, जबकि एसजीसीटी मोहम्मद याकूब का संबंध जटगली से था। दोनों के निधन की खबर जैसे ही उनके परिवारों तक पहुंची, वहां मातम पसर गया।
पुलिस महकमे में भी घटना को लेकर शोक का माहौल है। साथियों और अधिकारियों के बीच दोनों पुलिसकर्मियों की अचानक मौत को लेकर चिंता और दुख का माहौल बना हुआ है।
परिवारों में मचा कोहराम, अंतिम संस्कार की तैयारी
दोनों पुलिसकर्मियों की मौत की सूचना पुलिस ने उनके परिजनों को दे दी है। खबर मिलते ही दोनों परिवारों में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय स्तर पर भी घटना को लेकर शोक और सनसनी का माहौल है।
कानूनी प्रक्रिया और पोस्टमार्टम पूरा होने के बाद दोनों शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। इसके बाद उनके अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
मौत की असली वजह पर अभी सस्पेंस
रामबन के बटोट इलाके में सामने आई इस घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर दोनों पुलिसकर्मी कार के अंदर किस परिस्थिति में बेहोश हुए और उनकी मौत कैसे हुई, इसका जवाब फिलहाल जांच के बाद ही मिल सकेगा।
पुलिस अधिकारियों ने अभी मौत के कारण को लेकर कोई अंतिम जानकारी साझा नहीं की है। ऐसे में पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्ष महत्वपूर्ण होंगे। पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की छानबीन कर रही है।
फिलहाल पुलिस का पूरा ध्यान घटना की परिस्थितियों को समझने और दोनों पुलिसकर्मियों की मौत की वास्तविक वजह सामने लाने पर है। कार की जांच, स्थानीय लोगों से पूछताछ और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मंगलवार शाम हुई इस घटना ने रामबन के बटोट इलाके में सनसनी फैला दी है। दो पुलिसकर्मियों की एक साथ मौत से उनके परिवारों के साथ-साथ पुलिस महकमे में भी शोक की लहर है। अब सभी की निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के निष्कर्षों पर टिकी हैं।















