राजधानी में नागरिकों को सुरक्षित और शुद्ध खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए दिल्ली सरकार ने निगरानी और प्रवर्तन कार्रवाई तेज कर दी है। Dr. Pankaj Kumar Singh, जो दिल्ली सरकार में स्वास्थ्य मंत्री हैं, ने कहा कि हर नागरिक तक सुरक्षित भोजन पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई गई है।
स्वास्थ्य मंत्री के निर्देश पर Delhi Government Food Safety Department ने राजधानी के विभिन्न इलाकों में निरीक्षण अभियान तेज कर दिया है। त्योहारों के मौसम को देखते हुए विभाग को विशेष रूप से सख्त निगरानी रखने और किसी भी प्रकार के नियम उल्लंघन पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
विभिन्न जिलों में चल रहा विशेष निरीक्षण अभियान
विभाग की ओर से चलाए गए निरीक्षण और विशेष निगरानी अभियान के दौरान अलग-अलग खाद्य व्यवसाय संचालकों से कुल 98 खाद्य नमूने लिए गए। इन नमूनों में डेयरी उत्पाद, मिठाइयां, मसाले और अन्य दैनिक उपयोग की खाद्य सामग्री शामिल हैं।
अब तक खाद्य सुरक्षा प्रयोगशाला द्वारा 54 नमूनों की जांच रिपोर्ट जारी की जा चुकी है और सभी नमूने निर्धारित मानकों के अनुरूप पाए गए हैं। किसी भी नमूने में असुरक्षा या गुणवत्ता से जुड़ी गंभीर गड़बड़ी सामने नहीं आई है, जबकि बाकी नमूनों की जांच अभी जारी है।
नवरात्रि के दौरान विशेष निगरानी
त्योहारों के दौरान मिलावट की आशंका को देखते हुए नवरात्रि के समय भी विभाग ने विशेष अभियान चलाया। इस दौरान कुट्टू का आटा, सिंघाड़े का आटा, साबूदाना, फल और डेयरी उत्पादों पर खास निगरानी रखी गई।
बाजारों, मंडियों, झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों, अनधिकृत कॉलोनियों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में लगातार निरीक्षण किए गए ताकि त्योहारों के दौरान लोगों को सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध हो सकें।
नियम उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई
अधिकारियों ने बताया कि Food Safety and Standards Act, 2006 के तहत अब तक कुल 165 फूड सैंपल लिए गए हैं, जिनमें 138 निगरानी नमूने और 27 प्रवर्तन नमूने शामिल हैं। जांच में अधिकांश नमूने मानकों के अनुरूप पाए गए हैं, जबकि जिन मामलों में नियमों का पालन नहीं किया गया, उनमें कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
फूड सेफ्टी विभाग ने स्पष्ट किया है कि राजधानी में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए निरीक्षण, निगरानी और कार्रवाई का यह अभियान लगातार जारी रहेगा। सरकार का कहना है कि उपभोक्ताओं का विश्वास बनाए रखने और जन स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मिलावट के खिलाफ सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।














