“पेड़ के चबूतरे और कार पार्किंग को लेकर शुरू हुआ विवाद बना तीन हत्याओं की वजह, पिस्टल की मैगजीन खाली हुई तो दोबारा लोड कर बरसाईं गोलियां; पिता और बहनों के सामने ऋषभ ने मचाया मौत का तांडव”
लखनऊ। राजधानी लखनऊ में हुए सनसनीखेज ट्रिपल मर्डर की एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। मामूली विवाद से शुरू हुई कहासुनी कुछ ही देर में खूनी संघर्ष में बदल गई और देखते ही देखते तीन लोगों की जिंदगी खत्म हो गई। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े नेता शिवा तिवारी, उनके बेटे सुयश और भाई शिवेंद्र की हत्या का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। वीडियो में जिस तरह आरोपी ऋषभ शुक्ला एक के बाद एक गोलियां चलाता दिखाई दे रहा है, उससे वारदात की भयावहता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
सबसे विचलित करने वाला पहलू यह है कि हमलावर के सामने परिवार के सदस्य जान की गुहार लगाते रहे, महिलाएं चीखती-चिल्लाती रहीं और घायल अपनों को बचाने के लिए लोग आगे आने की हिम्मत नहीं जुटा पाए। बताया जा रहा है कि आरोपी ने पहले सुयश को निशाना बनाया। बेटे को गोली लगते देख पिता शिवा तिवारी उसे बचाने के लिए दौड़े तो हमलावर ने उन पर भी पिस्टल तान दी। इसके बाद जो हुआ, उसने पूरे परिवार को कभी न भरने वाला जख्म दे दिया।
कार के पास शुरू हुई कहासुनी, देखते ही देखते चलने लगीं गोलियां
इस पूरे हत्याकांड की शुरुआत पड़ोसियों के बीच हुए एक स्थानीय विवाद से हुई थी। बताया जाता है कि शिवा तिवारी और उनके पड़ोसी ऋषभ शुक्ला के बीच पेड़ के पास चबूतरा बनाने और वहां कार खड़ी करने को लेकर लंबे समय से तनातनी चल रही थी। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई थी।
घटना वाले दिन विवाद ने उस समय गंभीर रूप ले लिया, जब शिवा तिवारी के बेटे सुयश और ऋषभ शुक्ला के बीच आमना-सामना हो गया। दोनों के बीच पहले तीखी बहस हुई और फिर हाथापाई शुरू हो गई। आसपास के लोग भी मौके पर मौजूद थे। शुरुआत में किसी को अंदाजा नहीं था कि यह मामूली विवाद इतनी बड़ी वारदात में बदल जाएगा।
वीडियो में दिखाई देता है कि ऋषभ कार के पास सुयश से भिड़ता है। दोनों के बीच धक्का-मुक्की और मारपीट होती है। इसी दौरान ऋषभ पिस्टल निकाल लेता है और सुयश पर गोली चला देता है। गोली लगते ही सुयश जमीन पर गिर पड़ता है। अचानक हुई फायरिंग से मौके पर मौजूद लोगों में अफरातफरी मच जाती है।
बेटे को बचाने दौड़े पिता, हमलावर ने उन पर भी तानी पिस्टल
सुयश को गोली लगते ही परिवार के लोग घबरा गए। बेटे को जमीन पर गिरा देखकर शिवा तिवारी उसे बचाने के लिए दौड़े। एक पिता की स्वाभाविक प्रतिक्रिया थी कि किसी तरह बेटे को बचा लिया जाए, लेकिन हमलावर के इरादे कुछ और ही थे।
वीडियो में दिखता है कि शिवा तिवारी जैसे ही बेटे के पास पहुंचते हैं, ऋषभ उनकी तरफ पिस्टल तानकर गोली चला देता है। गोली लगते ही शिवा तिवारी भी जमीन पर गिर जाते हैं। इसके बाद हमलावर वहां से हटने के बजाय दोबारा उनके पास पहुंचता है और उन पर फिर गोलियां चलाता दिखाई देता है।
घटना के दौरान परिवार की महिलाएं लगातार चीखती-चिल्लाती रहती हैं। कोई हमलावर को रोकने की कोशिश करता है तो कोई अपने परिजनों को बचाने के लिए गुहार लगाता दिखाई देता है। लेकिन गोलियों की आवाज और हमलावर के आक्रामक व्यवहार के बीच कोई भी उसके सामने आने की हिम्मत नहीं जुटा पाता।
मैगजीन खाली हुई तो दोबारा लोड की पिस्टल
इस वारदात का सबसे खौफनाक पहलू वह है, जब लगातार फायरिंग के दौरान आरोपी की पिस्टल की मैगजीन खाली हो जाती है। वीडियो में दिखाई देता है कि ऋषभ इसके बाद भी पीछे नहीं हटता। वह दोबारा मैगजीन लोड करता है और फिर हथियार लेकर आगे बढ़ता है।
इस दौरान मौके पर मौजूद लोग दहशत में इधर-उधर भागते नजर आते हैं। कोई भी यह समझ नहीं पा रहा था कि आखिर आरोपी को कैसे रोका जाए। गोलियों की आवाज के बीच पूरा इलाका दहशत में डूब गया था।
इसी बीच शिवा तिवारी के भाई शिवेंद्र भी घटनास्थल पर पहुंचते हैं। वह परिवार के सदस्यों के बीच मचे हाहाकार और अपनों को जमीन पर पड़ा देखकर आगे बढ़ते हैं, लेकिन ऋषभ उन्हें भी निशाना बना लेता है। वीडियो में शिवेंद्र पर फायरिंग करते हुए आरोपी दिखाई देता है।
भतीजी सुमेधा हाथ जोड़कर मांगती रही जिंदगी की भीख
तीन लोगों की जान लेने वाली इस वारदात में परिवार की महिलाओं की बेबसी भी वीडियो में साफ दिखाई देती है। शिवेंद्र की बेटी सुमेधा अपने पिता को बचाने के लिए हमलावर के सामने हाथ जोड़ती नजर आती है। वह चीखती है और उससे गोली नहीं चलाने की गुहार लगाती है।
लेकिन आरोपी पर इसका कोई असर नहीं पड़ता। वीडियो में दिखाई देता है कि वह शिवेंद्र पर दोबारा गोली चलाता है। इसके बाद वह वहां से हटकर फिर शिवा तिवारी की ओर लौटता है।
सुमेधा के लिए यह मंजर किसी भयावह सपने से कम नहीं था। एक तरफ पिता की जान बचाने की कोशिश, दूसरी तरफ चाचा और भाई को खोने का दर्द और सामने हथियार लेकर खड़ा हमलावर। परिवार की चीख-पुकार के बीच कुछ ही समय में घर का माहौल मातम में बदल गया।
आरोपी की बहन ने भी किया हमला, परिवार के सामने उजड़ गया घर
वीडियो में ऋषभ के परिवार के कुछ सदस्य भी घटनास्थल पर दिखाई देते हैं। इसी दौरान ऋषभ की बहन द्वारा शिवेंद्र को डंडे से मारने की बात भी सामने आई है। डंडे की चोट से शिवेंद्र के गिरने के बाद ऋषभ पिस्टल लेकर उनकी ओर बढ़ता दिखाई देता है।
सुमेधा उसे रोकने के लिए हाथ जोड़ती है, लेकिन वह नहीं रुकता। इसके बाद दोबारा फायरिंग की जाती है। इस पूरे घटनाक्रम में परिवार के लोग लगातार शोर मचाते और बचाव की गुहार लगाते दिखाई देते हैं।
घटना के शुरुआती हिस्से में आसपास के कई लोग मौजूद थे। लेकिन जैसे ही ऋषभ ने पिस्टल से ताबड़तोड़ गोलियां चलानी शुरू कीं, लोग अपनी जान बचाने के लिए वहां से भागने लगे। कुछ ही देर में घटनास्थल पर सन्नाटा और चीख-पुकार का भयावह दृश्य रह गया।
लखनऊ के तिहरे हत्याकांड का लाइव वीडियो वायरल है।
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— SANJAY TRIPATHI (@sanjayjourno) October 29, 2026
घायल लोगों को उठाने आए लोगों को भी पिस्टल दिखाकर धमकाया
फायरिंग के बाद जब आसपास के कुछ लोगों ने घायल पड़े लोगों को उठाने और उनकी मदद करने की कोशिश की तो आरोपी ने उन्हें भी पिस्टल दिखाकर धमकाया। इस वजह से लोग तत्काल घायलों के पास जाने से डरते रहे।
इस दौरान परिवार की महिलाओं की चीखें लगातार सुनाई देती रहीं। कुछ लोग दूर खड़े होकर पूरे घटनाक्रम को देखते रहे, लेकिन हमलावर के हाथ में पिस्टल होने के कारण कोई खुलकर सामने नहीं आया।
तीन लोगों को गोली मारने के बाद भी आरोपी का आक्रामक व्यवहार वीडियो में दिखाई देता है। वह जोर-जोर से चिल्लाता हुआ नजर आता है। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि पड़ोसियों के बीच होने वाला मामूली विवाद किस तरह हिंसक रूप लेकर पूरे परिवार को तबाह कर सकता है।
दूसरा वीडियो भी आया सामने, पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दबोचा
ट्रिपल मर्डर के बाद घटनास्थल का एक दूसरा वीडियो भी सामने आया है। यह वीडियो करीब दो मिनट 35 सेकेंड का बताया जा रहा है। इसमें वारदात की सूचना मिलने के बाद पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचते दिखाई देते हैं।
शुरुआत में पुलिसकर्मी भी हालात का जायजा लेते नजर आते हैं। इसके बाद हिम्मत जुटाकर पुलिसकर्मी आरोपी ऋषभ को पकड़ लेते हैं। आरोपी के पकड़े जाने के बाद धीरे-धीरे आसपास के लोग भी घटनास्थल पर जुटने लगते हैं।
वीडियो में पुलिसकर्मी आरोपी के साथ उसके परिवार के कुछ सदस्यों को भी अपने साथ ले जाते दिखाई देते हैं। इनमें उसकी बहनें, पिता और चाचा शामिल बताए जा रहे हैं। पुलिस सभी को थाने ले जाती है।
एक विवाद ने तीन जिंदगियां छीन लीं, परिवार में पसरा मातम
इस पूरी घटना ने राजधानी में कानून-व्यवस्था और पड़ोसियों के बीच बढ़ते विवादों को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पेड़ के पास चबूतरा बनाने और कार खड़ी करने जैसी बात को लेकर शुरू हुआ विवाद इस हद तक पहुंच गया कि एक ही परिवार के तीन लोगों की जान चली गई।
सबसे दर्दनाक बात यह रही कि वारदात के दौरान परिवार के सदस्य सामने मौजूद थे। बेटे को बचाने के लिए पिता दौड़े तो वह भी गोली का शिकार हो गए। भाई को बचाने की कोशिश में परिवार की अगली पीढ़ी ने अपनी आंखों के सामने अपनों को खो दिया।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो ने घटना की भयावहता को सामने ला दिया है। हालांकि, वीडियो में दिखाई देने वाले घटनाक्रम के सभी पहलुओं, फायरिंग के क्रम और प्रत्येक व्यक्ति की भूमिका की पुष्टि पुलिस जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर ही हो सकेगी।
फिलहाल इस हत्याकांड ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। जिस विवाद को आपसी बातचीत से सुलझाया जा सकता था, वह तीन मौतों और एक परिवार के उजड़ने की वजह बन गया। घर के बाहर शुरू हुई कहासुनी का अंत गोलियों की आवाज और अपनों की चीखों के बीच हुआ।















