सीजफायर के बावजूद गाजा में जारी हमले, 1.75 लाख से ज्यादा लोग घायल; नेतन्याहू के खिलाफ विपक्षी दलों ने मिलकर चुनाव लड़ने का संकेत दिय
नई दिल्ली। इजराइल और हमास के बीच अक्टूबर 2023 से जारी युद्ध ने गाजा में भारी तबाही मचाई है। गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, युद्ध शुरू होने के बाद से फलस्तीनियों की मौत का आंकड़ा 74,016 तक पहुंच गया है, जबकि 1,75,068 लोग घायल हुए हैं। मंत्रालय के आंकड़ों में आम नागरिकों और लड़ाकों के बीच अलग-अलग आंकड़े नहीं दिए जाते हैं।
सीजफायर के बाद भी जारी हैं हमले
रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले वर्ष अक्टूबर में लागू हुए सीजफायर ने बड़े पैमाने पर लड़ाई को कम किया है, लेकिन गाजा में हिंसा पूरी तरह थमी नहीं है। गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय का दावा है कि सीजफायर लागू होने के बाद भी 1,145 फलस्तीनी मारे गए हैं।
इजराइली सेना का कहना है कि उसके बाद किए गए हमले सुरक्षा खतरों या हमलों के जवाब में किए गए हैं। वहीं, सीजफायर के बाद सात इजराइली सैनिकों की मौत की भी जानकारी सामने आई है।
गाजा में मानवीय संकट बरकरार
लगातार संघर्ष के कारण गाजा में हजारों परिवार उजड़ चुके हैं। युद्ध के दौरान बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है। पुनर्निर्माण की प्रक्रिया भी अभी व्यापक स्तर पर शुरू नहीं हो सकी है।
रिपोर्ट के अनुसार, इजराइली सेना अब गाजा के आधे से अधिक हिस्से पर नियंत्रण रखती है। दूसरी ओर, हमास ने हथियार छोड़ने से इनकार किया है। यही मुद्दा सीजफायर के आगे के चरणों और इजराइली सेना की वापसी में बड़ी बाधा बना हुआ है।
नेतन्याहू का रुख क्या है?
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का कहना है कि जब तक हमास हथियार नहीं छोड़ता, तब तक इजराइली सेना पूरी तरह पीछे नहीं हटेगी। इस रुख को लेकर इजराइल की राजनीति में भी मतभेद दिखाई दे रहे हैं।
नेतन्याहू के खिलाफ विपक्षी दलों की एकजुटता
इजराइल की प्रमुख विपक्षी पार्टियों ने आगामी चुनावों को लेकर एकजुट होकर काम करने का संकेत दिया है। विपक्षी नेताओं ने नेतन्याहू के गठबंधन को चुनौती देने के लिए साथ काम करने की बात कही है।
इस बैठक में पूर्व सैन्य प्रमुख गादी आइजेनकोट, पूर्व प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट और यायर लैपिड, सेंटर-लेफ्ट पार्टी के नेता यायर गोलान और विपक्षी नेता एविगडोर लिबरमैन शामिल हुए।
संयुक्त बयान में नेताओं ने चुनाव में मतदान बढ़ाने, गलत सूचनाओं और बदनाम करने वाले अभियानों का मुकाबला करने तथा अगली सरकार के लिए साझा बुनियादी सिद्धांत तैयार करने पर सहयोग की बात कही।
7 अक्टूबर 2023 से शुरू हुआ था युद्ध
इजराइल-हमास युद्ध की शुरुआत 7 अक्टूबर 2023 को हुई थी, जब हमास के नेतृत्व वाले लड़ाकों ने इजराइल पर हमला किया। इजराइली आंकड़ों के अनुसार, इस हमले में करीब 1,200 लोगों की मौत हुई और 251 लोगों को बंधक बनाया गया।
इसके बाद इजराइल ने गाजा में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू किया। लगभग तीन साल बाद भी युद्ध के मानवीय और राजनीतिक प्रभाव खत्म नहीं हुए हैं।
गाजा में बढ़ता मौत का आंकड़ा, जारी हिंसा और इजराइल की आंतरिक राजनीतिक उठापटक इस संघर्ष को अब भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण मुद्दा बनाए हुए हैं।















