Tuesday, September 22, 2026
Your Dream Technologies
HomeUncategorizedभारत-बांग्लादेश रिश्तों को नई राह: अब मीडिया के जरिए बढ़ेगा आपसी जुड़ाव,...

भारत-बांग्लादेश रिश्तों को नई राह: अब मीडिया के जरिए बढ़ेगा आपसी जुड़ाव, ढाका के पत्रकारों को भारत में मिलेगा विशेष प्रशिक्षण

“ITEC कार्यक्रम के तहत हैदराबाद में 25 से 31 अक्टूबर तक चलेगा ‘पत्रकारिता और जनसंपर्क’ कोर्स, अर्थव्यवस्था, वित्त, व्यापार और ऊर्जा की रिपोर्टिंग करने वाले बांग्लादेशी पत्रकार होंगे शामिल”

नई दिल्ली/ढाका। भारत और बांग्लादेश के बीच रिश्तों को फिर से पटरी पर लाने की कोशिशों के बीच अब दोनों देशों के बीच लोगों और पेशेवर समुदायों के स्तर पर संपर्क बढ़ाने की दिशा में एक नई पहल सामने आई है। भारत ने इस बार संवाद के दायरे में बांग्लादेशी मीडिया और पत्रकारों को शामिल करने की पहल की है। ढाका स्थित भारतीय उच्चायोग ने बांग्लादेशी पत्रकारों के लिए भारत में एक विशेष क्षमता-निर्माण कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की है।

भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग यानी ITEC योजना के तहत आयोजित होने वाला यह कार्यक्रम 25 से 31 अक्टूबर तक हैदराबाद में चलेगा। इसका विषय ‘पत्रकारिता और जनसंपर्क’ रखा गया है। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल पत्रकारिता संबंधी प्रशिक्षण देना नहीं है, बल्कि प्रतिभागियों को भारत के मीडिया, टेक्नोलॉजी, बिजनेस और इनोवेशन इकोसिस्टम से परिचित कराना भी है।

कार्यक्रम में खासतौर पर उन बांग्लादेशी पत्रकारों को शामिल किया जा रहा है जो अर्थव्यवस्था, वित्त, व्यापार और ऊर्जा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों की रिपोर्टिंग करते हैं। ऐसे में यह पहल दोनों देशों के बीच पेशेवर संवाद और एक-दूसरे के आर्थिक तथा कारोबारी परिवेश को समझने का अवसर भी उपलब्ध करा सकती है।

पत्रकारिता से आगे बढ़कर रणनीतिक संचार और AI पर फोकस

इस कार्यक्रम की खासियत यह है कि इसका दायरा पारंपरिक पत्रकारिता प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रखा गया है। प्रतिभागियों को मीडिया रिलेशंस, रणनीतिक संचार और मास मीडिया में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की भूमिका जैसे विषयों की जानकारी दी जाएगी।

डिजिटल दौर में मीडिया के बदलते स्वरूप को देखते हुए AI की भूमिका तेजी से बढ़ रही है। समाचार जुटाने, डेटा के विश्लेषण, कंटेंट तैयार करने और संचार रणनीति विकसित करने में तकनीक का इस्तेमाल लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में बांग्लादेशी पत्रकारों के लिए इस तरह के विषयों पर प्रशिक्षण भारत के तकनीकी और मीडिया अनुभव को समझने का अवसर प्रदान करेगा।

कार्यक्रम का एक महत्वपूर्ण हिस्सा फील्ड विजिट और पेशेवर संवाद भी होगा। पत्रकारों को हैदराबाद की HITEC City का दौरा करने के साथ-साथ भारतीय स्टार्टअप्स और उद्यमियों से बातचीत का अवसर मिलेगा। इसके जरिए उन्हें भारत के तेजी से विकसित हो रहे टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप सेक्टर को करीब से देखने का मौका मिलेगा।

हैदराबाद बनेगा भारत के टेक और इनोवेशन मॉडल से परिचय का केंद्र

हैदराबाद को इस कार्यक्रम के लिए चुना जाना भी महत्वपूर्ण है। शहर भारत के प्रमुख आईटी और टेक्नोलॉजी केंद्रों में शामिल है। HITEC City और इसके आसपास विकसित हुआ कारोबारी एवं स्टार्टअप इकोसिस्टम भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था और तकनीकी क्षमता का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है।

बांग्लादेशी पत्रकारों को यहां भारतीय कंपनियों, स्टार्टअप्स और उद्यमियों के साथ बातचीत का मौका मिलने से उन्हें भारत के आर्थिक विकास, डिजिटल परिवर्तन और नवाचार से जुड़ी प्रक्रियाओं को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिलेगा।

खासकर अर्थव्यवस्था, वित्त, व्यापार और ऊर्जा को कवर करने वाले पत्रकारों के लिए यह अनुभव दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंधों और कारोबारी संभावनाओं की रिपोर्टिंग के लिहाज से उपयोगी हो सकता है।

दिनेश त्रिवेदी के कार्यकाल में ‘पीपुल-टू-पीपुल’ कनेक्ट पर जोर

यह पहल ऐसे समय में सामने आई है जब बांग्लादेश में भारत के नए हाई कमिश्नर दिनेश त्रिवेदी दोनों देशों के बीच लोगों से लोगों के संबंध मजबूत करने पर जोर दे रहे हैं।

1 सितंबर को त्रिवेदी ने भारत-बांग्लादेश संबंधों को दोनों देशों के लोगों के बीच मजबूत रिश्तों पर आधारित बताया था। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि दोनों देशों को अतीत की परिस्थितियों में उलझे रहने के बजाय अपने नागरिकों की भलाई और विकास के लिए आगे मिलकर काम करना चाहिए।

उनके बयानों में द्विपक्षीय रिश्तों को केवल सरकारों के बीच बातचीत तक सीमित रखने के बजाय समाज और पेशेवर समुदायों के बीच संपर्क बढ़ाने पर जोर दिखाई देता है। ऐसे में बांग्लादेशी पत्रकारों के लिए भारत में आयोजित किया जा रहा ITEC कार्यक्रम इसी व्यापक ‘पीपुल-टू-पीपुल’ जुड़ाव के संदर्भ में देखा जा रहा है।

संसद से मीडिया तक बढ़ाने की कोशिश

भारत-बांग्लादेश संबंधों में लोगों के बीच संवाद बढ़ाने की दिशा में त्रिवेदी ने संसदीय स्तर पर भी पहल का सुझाव दिया है।

2 सितंबर को बांग्लादेश की संसद के स्पीकर के साथ हुई बैठक के दौरान उन्होंने ‘बांग्लादेश-भारत संसदीय मैत्री समूह’ बनाने का प्रस्ताव रखा। इसके तहत दोनों देशों के सांसदों के बीच नियमित बातचीत और विचारों के आदान-प्रदान को बढ़ावा देने की बात सामने आई।

इस प्रस्ताव और पत्रकारों के लिए शुरू किए गए क्षमता-निर्माण कार्यक्रम को एक साथ देखें तो दोनों देशों के बीच संवाद के अलग-अलग स्तरों को सक्रिय करने की कोशिश नजर आती है। एक तरफ राजनीतिक और संसदीय संवाद है, तो दूसरी तरफ मीडिया और पेशेवर समुदायों के बीच संपर्क बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।

2024 के बाद रिश्तों में आया था तनाव

भारत और बांग्लादेश के संबंध 2024 के बाद से चुनौतीपूर्ण दौर से गुजरे हैं। राजनीतिक परिस्थितियों और दोनों देशों के बीच पैदा हुए मतभेदों ने द्विपक्षीय संबंधों को प्रभावित किया।

इसी पृष्ठभूमि में भारत ने अप्रैल 2026 में पूर्व केंद्रीय मंत्री दिनेश त्रिवेदी को बांग्लादेश में अपना हाई कमिश्नर नियुक्त किया। उन्होंने जून में ढाका में पदभार संभाला। इसके बाद से उनके सार्वजनिक बयानों और बैठकों में बातचीत, संपर्क और रचनात्मक जुड़ाव पर जोर दिखाई दिया है।

अगस्त में उन्होंने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान से मुलाकात की थी। इस दौरान दोनों देशों के बीच मतभेदों को बातचीत के जरिए सुलझाने की जरूरत पर जोर दिया गया।

ऐसे माहौल में पत्रकारों के बीच संपर्क बढ़ाने की पहल को केवल एक प्रशिक्षण कार्यक्रम के रूप में देखना पूरी तरह पर्याप्त तस्वीर नहीं देता। हालांकि, इसे किसी औपचारिक कूटनीतिक उपलब्धि के रूप में पेश करना भी उचित नहीं होगा। भारतीय उच्चायोग की ओर से इसे मूल रूप से एक क्षमता-निर्माण कार्यक्रम के तौर पर ही प्रस्तुत किया गया है।

तीन स्तरों पर संवाद बढ़ाने का संकेत

हाल के घटनाक्रमों को व्यापक संदर्भ में देखें तो भारत-बांग्लादेश के बीच संवाद बढ़ाने की कोशिशें कम से कम तीन स्तरों पर दिखाई देती हैं।

पहला स्तर कूटनीतिक संवाद का है, जिसमें दोनों देशों के शीर्ष अधिकारियों और राजनीतिक नेतृत्व के बीच बातचीत जारी रखने पर जोर दिया जा रहा है।

दूसरा स्तर संसदीय संपर्क का है। भारत की ओर से दोनों देशों के सांसदों के बीच नियमित संवाद के लिए संसदीय मैत्री समूह का प्रस्ताव इसी दिशा में एक पहल है।

तीसरा स्तर अब मीडिया और पेशेवर संपर्क का है। बांग्लादेशी पत्रकारों को भारत बुलाकर प्रशिक्षण देने और भारतीय टेक्नोलॉजी, स्टार्टअप तथा बिजनेस इकोसिस्टम से परिचित कराने की पहल इसी तीसरे स्तर को मजबूत करती है।

रिश्तों में सुधार की राह में मीडिया की भूमिका अहम

भारत और बांग्लादेश के बीच रिश्तों में मीडिया की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। दोनों देशों के पत्रकार न केवल घटनाओं की रिपोर्टिंग करते हैं, बल्कि उनके जरिए आम लोगों तक दूसरे देश की राजनीतिक, आर्थिक और सामाजिक तस्वीर भी पहुंचती है।

ऐसे में पत्रकारों के बीच प्रत्यक्ष संवाद और पेशेवर अनुभव साझा होने से दोनों देशों के मीडिया समुदायों को एक-दूसरे के नजरिए और प्राथमिकताओं को समझने का अवसर मिल सकता है।

हालांकि, किसी एक प्रशिक्षण कार्यक्रम से द्विपक्षीय संबंधों में मौजूद सभी जटिलताओं का समाधान नहीं हो सकता। भारत-बांग्लादेश संबंध कई स्तरों पर निर्भर करते हैं, जिनमें व्यापार, ऊर्जा, सुरक्षा, सीमा प्रबंधन, कनेक्टिविटी और राजनीतिक संवाद जैसे विषय शामिल हैं। इसलिए पत्रकारों के लिए यह कार्यक्रम व्यापक संबंधों में एक सीमित लेकिन अलग तरह के संपर्क माध्यम के रूप में देखा जाना चाहिए।

फोकस साफ: सरकारों के साथ समाज और पेशेवर समुदाय भी

कुल मिलाकर, बांग्लादेशी पत्रकारों के लिए हैदराबाद में आयोजित होने वाला ITEC कार्यक्रम भारत और बांग्लादेश के बीच संवाद को केवल सरकारी स्तर तक सीमित न रखने की कोशिश का संकेत देता है।

पत्रकारिता, रणनीतिक संचार और AI से लेकर स्टार्टअप, टेक्नोलॉजी और बिजनेस इकोसिस्टम तक कार्यक्रम का दायरा दोनों देशों के बीच पेशेवर समझ बढ़ाने पर केंद्रित है।

इस पहल का वास्तविक प्रभाव आगे होने वाले संवाद और दोनों देशों के मीडिया समुदायों के बीच बनने वाले संपर्कों से तय होगा। फिलहाल इतना जरूर है कि भारत-बांग्लादेश संबंधों को नई दिशा देने की कोशिशों में कूटनीतिक बातचीत और संसदीय संपर्क के साथ अब मीडिया और पेशेवर स्तर के जुड़ाव को भी जगह दी जा रही है।

- Advertisement -
Your Dream Technologies
VIKAS TRIPATHI
VIKAS TRIPATHIhttp://www.pardaphaas.com
VIKAS TRIPATHI भारत देश की सभी छोटी और बड़ी खबरों को सामने दिखाने के लिए "पर्दाफास न्यूज" चैनल को लेके आए हैं। जिसके लोगो के बीच में करप्शन को कम कर सके। हम देश में समान व्यवहार के साथ काम करेंगे। देश की प्रगति को बढ़ाएंगे।
RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments

Call Now Button