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48 लेखपाल और 3 पंचायत सचिवों पर कार्रवाई, किसान पहचान पत्र अभियान में तेजी

गाजीपुर। राज्य सरकार द्वारा किसानों के लिए खाद, बीज, कृषि यंत्रों की खरीद, गेहूं क्रय केंद्रों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य पर बिक्री तथा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की अगली किस्त प्राप्त करने हेतु फार्मर आईडी (किसान पहचान पत्र) को अनिवार्य कर दिया गया है। इसी क्रम में जनपद गाजीपुर में व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है।

जनपद के कुल 5,71,338 किसानों में से अब तक 4,27,238 यानी लगभग 75 प्रतिशत किसानों ने अपनी फार्मर रजिस्ट्री करवा ली है, जबकि अभी भी 1,44,100 किसानों का पंजीकरण शेष है। जिला प्रशासन ने 25 अप्रैल तक शत-प्रतिशत किसानों की फार्मर आईडी सुनिश्चित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है, ताकि कोई भी किसान सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।

6 अप्रैल से चल रहे विशेष अभियान के तहत अब तक 900 से अधिक ग्राम पंचायतों में कैंप आयोजित कर 38,000 से अधिक किसानों के पहचान पत्र बनाए जा चुके हैं। इस अभियान में ग्राम प्रधान, कोटेदार, पंचायत सचिव, पंचायत सहायक और लेखपाल सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं।

फार्मर रजिस्ट्री के दौरान खतौनी और आधार में नाम के अंतर, अंश निर्धारण या अन्य तकनीकी समस्याओं के समाधान की जिम्मेदारी संबंधित लेखपालों को सौंपी गई है, ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

जिला प्रशासन की सख्ती का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि लापरवाही बरतने के आरोप में अब तक 48 लेखपालों और 3 पंचायत सचिवों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई है। इसमें 7 कर्मचारियों का निलंबन, 28 लेखपालों को कारण बताओ नोटिस, 14 लेखपालों का वेतन रोकना और 2 के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शामिल है।

सैदपुर तहसील में लेखपाल गीता त्रिपाठी और अनिल कुमार सहित तीन पंचायत सचिवों को निलंबित किया गया है। सदर तहसील में भी दो लेखपाल निलंबित किए गए हैं, जबकि अन्य के खिलाफ विभागीय कार्रवाई और नोटिस जारी किए गए हैं। जखनियां, सेवराई, जमानिया और मोहम्मदाबाद तहसीलों में भी कई लेखपालों पर वेतन रोकने और नोटिस देने जैसी कार्रवाई की गई है।

मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य ने किसानों से अपील की है कि वे इस महत्वपूर्ण कार्य को प्राथमिकता दें और अपना किसान पहचान पत्र जल्द से जल्द बनवाएं। इसके लिए किसान अपने मोबाइल, आधार कार्ड और खतौनी के साथ नजदीकी जन सुविधा केंद्र या ग्राम पंचायत में लगे कैंप में पहुंच सकते हैं, जहां कुछ ही मिनटों में फार्मर रजिस्ट्री पूरी कर पहचान पत्र प्राप्त किया जा सकता है।

उन्होंने किसानों से आग्रह किया कि वे कल का इंतजार न करें और आज ही अपनी फार्मर रजिस्ट्री कराकर सरकारी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करें।

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