गाजीपुर – कासिमाबाद कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मुहम्मदपुर कुसुम गांव में बुधवार दोपहर करीब एक बजे खेतों के बीच लगे बिजली के खंभे में हुए शॉर्ट सर्किट से निकली चिंगारी ने विकराल रूप ले लिया। इस चिंगारी से आसपास खड़ी गेहूं की तैयार फसल में आग लग गई, जिसने देखते ही देखते दर्जनों खेतों को अपनी चपेट में ले लिया। तेज हवा के कारण आग तेजी से फैलती गई और करीब 100 बीघा से अधिक गेहूं की फसल जलकर पूरी तरह नष्ट हो गई।
आग लगने के बाद ग्रामीणों और किसानों में अफरा-तफरी मच गई। सूचना देने के बावजूद फायर ब्रिगेड की टीम समय पर मौके पर नहीं पहुंची, जिससे किसानों में भारी नाराजगी देखी गई। इसके बाद किसानों और ग्रामीणों ने खुद ही मोर्चा संभाला और मिट्टी, पानी तथा लाठी-डंडों से करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर तीन बजे आग पर काबू पाया।
इस अग्निकांड में करीब 150 किसानों को भारी नुकसान हुआ है। प्रभावित किसानों में ललन चौहान, जोखू चौहान, बिगन चौहान, राघुराई चौहान, अमरजीत चौहान, धनेश्वरी चौहान, अरविंद चौहान, रघुनंदन चौहान, विनोद चतुर्वेदी, मालती देवी, मुन्नी देवी, वीरेंद्र चौहान सहित कई अन्य किसान शामिल हैं।
घटना से आक्रोशित किसान मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। सूचना मिलने पर तहसीलदार कौशल चौरसिया और लेखपाल कृष्ण मुरारी मौके पर पहुंचे। तहसीलदार ने किसानों को समझाकर शांत किया और उचित मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया, जिसके बाद शाम करीब 4:30 बजे धरना समाप्त हुआ।
लेखपाल ने बताया कि 50 बीघा से अधिक फसल के नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर प्रशासन को भेजी जाएगी और प्रभावित किसानों को शीघ्र राहत दिलाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।














