फर्जी नियुक्ति पत्र देने और रुपये मांगने का आरोप, पहले से ही साढ़े तीन करोड़ के पेंशन घोटाले में भी घिरा है विद्यालय
गाजीपुर। गंगा प्रसाद-राम प्रसाद यादव इंटर कॉलेज, रुहीपुर में फर्जी कागजातों के आधार पर पेंशन और ग्रेच्युटी लेने का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि अब नौकरी दिलाने के नाम पर 26 लाख रुपये की ठगी का आरोप सामने आया है। न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने विद्यालय के प्रबंधक रामवृक्ष यादव, जयशंकर सिंह उर्फ पिंकू सिंह, उनके पिता अनिल सिंह समेत तीन-चार अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने यह कार्रवाई विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट की अदालत के 21 अगस्त के आदेश पर की है।
फत्तेसरांय निवासी वीरेंद्र कुमार ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि सितंबर 2022 में विद्यालय में लिपिक और परिचारक के पद पर नियुक्ति के नाम पर रुपये मांगे गए थे। लिपिक पद के लिए छह लाख और परिचारक पद के लिए पांच लाख रुपये तय किए गए थे। आरोप है कि वर्ष 2024 और 2025 में कुछ युवकों को फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिए गए। कुछ दिनों तक विद्यालय जाने के बाद उन्हें हाईकोर्ट में मामला लंबित होने की बात कहकर रोक दिया गया।
पीड़ित के अनुसार, अपने रिश्तेदारों समेत छह युवकों की नियुक्ति के नाम पर आरोपितों ने अलग-अलग माध्यमों से करीब 26 लाख रुपये लिए। इसमें नकद, आरटीजीएस और यूपीआई के माध्यम से भुगतान किया गया। रुपये वापस मांगने पर विद्यालय में गाली-गलौज, जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल और जान से मारने की धमकी देने का आरोप भी लगाया गया है। पुलिस और एसपी से शिकायत के बाद भी कार्रवाई न होने पर पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली।
गौरतलब है कि इसी विद्यालय में फर्जी पीपीओ के जरिए करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की पेंशन और ग्रेच्युटी लेने का मामला पहले से चल रहा है। इस प्रकरण में अब तक छह आरोपित गिरफ्तार हो चुके हैं। मई में प्रबंधक की ओर से दर्ज कराए गए मुकदमे के बाद जांच में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं सामने आई थीं।















