पहाड़ों से लेकर मैदानों तक कड़ाके की ठंड का कहर जारी है। देश की राजधानी दिल्ली इस समय भीषण सर्दी की चपेट में है। मंगलवार को राजधानी में बीते तीन वर्षों में जनवरी की सबसे ठंडी सुबह दर्ज की गई, जब न्यूनतम तापमान गिरकर मात्र 3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। फिलहाल ठंड से राहत के आसार नजर नहीं आ रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली समेत हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, झारखंड और ओडिशा में अगले 2 से 3 दिनों के दौरान शीतलहर से लेकर भीषण शीतलहर का प्रकोप बना रहेगा। खास तौर पर 14 जनवरी को हरियाणा और पंजाब में भीषण शीतलहर के साथ घना से बहुत घना कोहरा छाए रहने की संभावना जताई गई है।
इसके अलावा उत्तर-पश्चिम भारत और बिहार में अगले 5 से 6 दिनों तक सुबह के समय घना कोहरा छाया रहने का अनुमान है। उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में अगले दो दिनों तक शीतलहर की स्थिति बनी रह सकती है।
दक्षिण भारत की बात करें तो तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल, आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और दक्षिण कर्नाटक के आसपास के क्षेत्रों में अगले तीन दिनों के दौरान उत्तर-पूर्वी मानसून की बारिश के समाप्त होने के लिए परिस्थितियां अनुकूल होती जा रही हैं।
न्यूनतम तापमान में कब आएगा बदलाव?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत में अगले 48 घंटों तक न्यूनतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा। इसके बाद अगले पांच दिनों में तापमान धीरे-धीरे 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है।
महाराष्ट्र में अगले 24 घंटों तक न्यूनतम तापमान स्थिर रहने की संभावना है, जबकि अगले तीन दिनों में इसमें 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इसके बाद तापमान में फिर धीरे-धीरे 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होने का अनुमान है।
गुजरात में भी अगले 48 घंटों तक न्यूनतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा। इसके बाद अगले दो दिनों में तापमान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है। देश के अन्य हिस्सों में भी फिलहाल न्यूनतम तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है।
घाटी में बर्फबारी का नया दौर संभव
उधर, कश्मीर घाटी में 16 जनवरी से एक पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने का अनुमान है, जिसके चलते बर्फबारी का नया दौर शुरू हो सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, शुक्रवार को एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ भी असर दिखा सकता है। हालांकि 21 जनवरी तक मौसम के शुष्क बने रहने की संभावना है, लेकिन इस दौरान आसमान में बादल छाए रह सकते हैं।














