नई दिल्ली: देश में चुनावी प्रक्रियाओं को और अधिक पारदर्शी, समन्वित और तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से Election Commission of India (ईसीआई) और विभिन्न राज्यों के राज्य निर्वाचन आयुक्तों (SECs) का राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में शुद्ध मतदाता सूची को लोकतंत्र की आधारशिला बताते हुए कुशल और निष्पक्ष चुनाव संचालन पर विशेष जोर दिया गया।
शुद्ध मतदाता सूची पर विशेष बल
सम्मेलन में कहा गया कि सटीक और अद्यतन मतदाता सूची लोकतंत्र की विश्वसनीयता की नींव है। यदि मतदाता सूची त्रुटिरहित होगी, तो चुनाव प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनेगी। इस दिशा में ईसीआई और राज्यों के SECs के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने पर सहमति बनी।
ECINET, EVM और इंफ्रास्ट्रक्चर साझा करने का प्रस्ताव
बैठक में चुनाव प्रबंधन से जुड़ी तकनीकी और संस्थागत क्षमताओं को साझा करने का महत्वपूर्ण प्रस्ताव रखा गया। इसमें ECINET प्लेटफॉर्म, India International Institute of Democracy and Election Management (IIIDEM) के विश्वस्तरीय प्रशिक्षण ढांचे, इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) और मतदाता सूची संबंधी संसाधनों को राज्यों के साथ साझा करने की बात कही गई।
यह भी सुझाव दिया गया कि देशभर के सभी SECs के साथ समन्वय स्थापित कर एक परस्पर स्वीकार्य और कानूनी रूप से व्यवहार्य ढांचा विकसित किया जाए, जिससे पंचायतों, नगर निकायों, संसद और राज्य विधानसभाओं के चुनावों में प्रक्रियागत सामंजस्य सुनिश्चित हो सके।
कानूनों में तालमेल की दिशा में पहल
सम्मेलन में यह भी सहमति बनी कि पंचायत एवं नगर निकाय चुनावों से जुड़े राज्य कानूनों और संसद तथा विधानसभाओं के चुनावों से संबंधित केंद्रीय कानूनों के बीच बेहतर समन्वय के लिए संयुक्त प्रयास किए जाएंगे। इसका उद्देश्य चुनावी प्रक्रियाओं में एकरूपता और दक्षता बढ़ाना है।
अंतरराष्ट्रीय गतिविधियों में भागीदारी का आह्वान
ईसीआई ने राज्य निर्वाचन आयुक्तों से आग्रह किया कि वे आयोग की अंतरराष्ट्रीय गतिविधियों और वैश्विक मंचों पर सक्रिय भागीदारी करें, ताकि भारत के चुनावी अनुभव और सर्वोत्तम प्रथाएं दुनिया के साथ साझा की जा सकें।
हर वर्ष होगा राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन
चुनाव आयोग ने प्रस्ताव रखा कि इस प्रकार का राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन हर वर्ष आयोजित किया जाए। यह सम्मेलन विशेष रूप से ईसीआई की अध्यक्षता में होने वाले अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों के साथ समन्वय में आयोजित किया जाएगा।
ईसीआई के संबंधित उप निर्वाचन आयुक्तों (DECs) के नेतृत्व में कानूनी और तकनीकी अधिकारियों की एक संयुक्त टीम राज्यों से प्राप्त सुझावों का विस्तृत अध्ययन करेगी और आगामी तीन महीनों में राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेशों के अनुरूप भावी दिशा तय करने के लिए प्रस्ताव तैयार करेगी।
‘राष्ट्रीय घोषणा-2026’ सर्वसम्मति से पारित
मुख्य चुनाव आयुक्त Gyanesh Kumar के नेतृत्व में यह सम्मेलन “राष्ट्रीय घोषणा-2026” को सर्वसम्मति से अपनाने के साथ संपन्न हुआ। इसमें लोकतंत्र को और मजबूत करने, चुनावी पारदर्शिता बढ़ाने और तकनीकी नवाचारों को अपनाने का संकल्प दोहराया गया।
इस राष्ट्रीय राउंड टेबल सम्मेलन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि देश में चुनावी व्यवस्थाओं को अधिक समन्वित, पारदर्शी और तकनीकी रूप से उन्नत बनाने के लिए केंद्र और राज्य मिलकर काम करेंगे। शुद्ध मतदाता सूची, साझा तकनीकी संसाधन और वार्षिक संवाद की पहल भारतीय लोकतंत्र को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।














