भारतीय निर्वाचन आयोग आज देश के पांच महत्वपूर्ण राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की तारीखों का ऐलान करने जा रहा है। इस संबंध में चुनाव आयोग शाम करीब 4 बजे एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करेगा, जिसमें मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार चुनाव कार्यक्रम की आधिकारिक घोषणा करेंगे।
जिन राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं उनमें असम, केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी और पश्चिम बंगाल शामिल हैं। इन राज्यों में चुनाव की घोषणा के साथ ही आचार संहिता भी लागू हो जाएगी और राजनीतिक गतिविधियां तेज हो जाएंगी।
चुनाव आयोग ने किया राज्यों का दौरा
चुनाव कार्यक्रम घोषित करने से पहले मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने अपनी टीम के साथ सभी पांच चुनावी राज्यों का दौरा किया। इस दौरान आयोग ने वहां की चुनावी तैयारियों का जायजा लिया।
आयोग की टीम ने प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस विभाग और सुरक्षा एजेंसियों के साथ कई अहम बैठकें कीं। इन बैठकों में मतदान केंद्रों की व्यवस्था, सुरक्षा प्रबंध, ईवीएम की उपलब्धता, मतदान कर्मियों की तैनाती और संवेदनशील क्षेत्रों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई।
चुनाव आयोग ने यह भी सुनिश्चित किया कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण, पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो सके। इसके लिए सभी राज्यों के प्रशासन को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।
पश्चिम बंगाल में कई चरणों में हो सकता है मतदान
सूत्रों के मुताबिक पश्चिम बंगाल में इस बार चुनाव कई चरणों में कराए जा सकते हैं। सुरक्षा और भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए यहां 4 से 8 चरणों में मतदान होने की संभावना जताई जा रही है।
पश्चिम बंगाल में चुनाव के दौरान अक्सर राजनीतिक तनाव और सुरक्षा चुनौतियां देखने को मिलती हैं। इसी कारण चुनाव आयोग इस राज्य में विशेष तैयारियां कर रहा है। हालांकि अंतिम निर्णय चुनाव आयोग की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।
अन्य राज्यों में 1 से 3 चरणों में मतदान की संभावना
वहीं असम, केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी में चुनाव एक से तीन चरणों में कराए जाने की संभावना है।
यदि पिछली बार के चुनावों पर नजर डालें तो वर्ष 2021 में पश्चिम बंगाल में आठ चरणों में मतदान हुआ था, जबकि असम में तीन चरणों में चुनाव कराए गए थे। वहीं तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में एक ही चरण में मतदान संपन्न हुआ था।
पश्चिम बंगाल में बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
भारत निर्वाचन आयोग आज शाम 4 बजे एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करेगा; जिसमें चुनाव वाले राज्यों में चुनावों के कार्यक्रम की घोषणा किए जाने की संभावना है। https://t.co/pteOcTNb4e pic.twitter.com/FUgOVPVohL
— ANI_HindiNews (@AHindinews) March 15, 2026
सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील माने जाने वाले पश्चिम बंगाल में केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती पहले ही बढ़ा दी गई है। खबरों के मुताबिक अब तक करीब 480 बटालियन केंद्रीय बल राज्य में भेजे जा चुके हैं।
इन बलों की तैनाती का उद्देश्य मतदान के दौरान किसी भी प्रकार की हिंसा या गड़बड़ी को रोकना और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करना है। सूत्रों का कहना है कि चुनाव की तारीखों के ऐलान से पहले और भी केंद्रीय सुरक्षा बलों को पश्चिम बंगाल भेजा जा सकता है।
चुनाव की घोषणा के साथ लागू होगी आचार संहिता
चुनाव आयोग जैसे ही पांचों राज्यों के चुनाव कार्यक्रम की घोषणा करेगा, उसी समय से आदर्श आचार संहिता लागू हो जाएगी। इसके तहत सरकारें नई योजनाओं की घोषणा नहीं कर सकेंगी और चुनाव प्रचार से जुड़े नियम सख्ती से लागू होंगे।
राजनीतिक दलों ने भी चुनाव की घोषणा से पहले ही अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। उम्मीदवारों के चयन, चुनावी रणनीति और जनसभाओं की योजना बनाई जा रही है।
अब पूरे देश की नजर चुनाव आयोग की शाम 4 बजे होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस पर है, जहां इन पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की पूरी समय-सारिणी, नामांकन की तारीखें, मतदान की तिथि और मतगणना का दिन घोषित किया जाएगा।














