गाजीपुर – पूर्वांचल में चर्चित माफियाओं में शुमार रहे मुख्तार अंसारी के घराने में सब कुछ ठीक-ठाक नहीं चल रहा है मुहम्मदाबाद विधायक के भाई सलमान अंसारी के एक सोशल मीडिया पोस्ट ने पूर्वांचल की राजनीति में हलचल मचा दी है। यह पोस्ट उनके बड़े भाई और मुहम्मदाबाद से विधायक शोएब उर्फ मन्नू अंसारी के विधानसभा क्षेत्र को लेकर किया गया, जिसमें “विकास के नाम पर लूट” जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
पोस्ट सामने आने के बाद से राजनीतिक गलियारों में यह सवाल उठ रहा है कि क्या प्रभावशाली अंसारी परिवार के भीतर मतभेद अब सार्वजनिक हो गए हैं।
“विकास के नाम पर लूट में शामिल नहीं होना चाहता”
फेसबुक पर लिखे अपने पोस्ट में सलमान अंसारी ने कहा कि वे पिछले चार साल से अपनी विधानसभा क्षेत्र नहीं जा रहे क्योंकि वे “विकास के नाम पर चल रही लूट” में शामिल नहीं होना चाहते।
उन्होंने कार्यकर्ताओं के अपमान और गलत कामों के आरोप लगाते हुए कहा कि उनके पास सबूत भी हैं।
पोस्ट में यह भी दावा किया गया कि क्षेत्र के लोगों से बदसलूकी की जाती है और कुछ लोगों को पार्टी से बाहर करवाने की धमकी दी जाती है।
जब पोस्ट को लेकर फेसबुक अकाउंट हैक होने की चर्चा उठी, तो सलमान अंसारी ने वीडियो जारी कर स्पष्ट किया कि पोस्ट उन्होंने खुद लिखा है।
विधायक पक्ष की चुप्पी, बढ़ी सियासी सरगर्मी
अब तक विधायक शोएब उर्फ मन्नू अंसारी या उनके समर्थकों की ओर से कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
बताया जा रहा है कि 2022 से चल रहे पारिवारिक मतभेद अब सोशल मीडिया पर खुलकर सामने आ रहे हैं।
दोनों भाई समाजवादी पार्टी से जुड़े प्रभावशाली राजनीतिक परिवार से आते हैं और उनका क्षेत्र मुहम्मदाबाद लंबे समय से अंसारी परिवार का गढ़ माना जाता रहा है।
राजनीतिक विरासत और पारिवारिक समीकरण
सलमान अंसारी, पूर्व विधायक सिबगतुल्लाह अंसारी के बेटे और गाजीपुर के सांसद अफजाल अंसारी के भतीजे हैं।
परिवार की राजनीतिक पकड़ गाजीपुर और आसपास के क्षेत्रों में लंबे समय से मजबूत रही है।
अंसारी परिवार में दिवंगत मुख्तार अंसारी का नाम भी प्रमुख रहा है, जबकि उनके बेटे अब्बास अंसारी वर्तमान में मऊ से विधायक हैं।
ऐसे में सलमान अंसारी का यह सार्वजनिक पोस्ट परिवार और क्षेत्रीय राजनीति दोनों के लिए अहम माना जा रहा है।
क्या परिवार में बढ़ रही है दूरी?
राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि जो मतभेद पहले बंद दरवाजों के भीतर थे, अब खुलकर सामने आ रहे हैं।
स्थानीय लोगों के बीच भी यह सवाल उठने लगा है कि क्या अंसारी परिवार के भीतर सब कुछ सामान्य नहीं है।
फिलहाल विधायक पक्ष की प्रतिक्रिया का इंतजार है, लेकिन इतना तय है कि इस पोस्ट ने विधानसभा क्षेत्र से लेकर जिले की राजनीति तक नई बहस छेड़ दी है।














